{"_id":"6717d85f19c207341e0f646b","slug":"fog-in-the-morning-speed-of-vehicles-slowed-down-ambedkar-nagar-news-c-91-1-abn1002-123267-2024-10-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: सुबह छाया कोहरा ,वाहनों की रफ्तार थमी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: सुबह छाया कोहरा ,वाहनों की रफ्तार थमी
विज्ञापन
कोहरे में लाइट जलाकर जाता बाइक सवार।
अंबेडकरनगर। जिले में मंगलवार सुबह अचानक मौसम बदला। सुबह के समय घटना कोहरा छाया रहा। कोहरे के कारण दृष्यता काफी कम रही, जिसके चलते वाहनों की रफ्तार सुस्त पड़ गई। सुबह साढ़े सात बजे तक चालक वाहनों की लाइट जला कर चलने को विवश हुए।
मंगलवार को जिले के कई क्षेत्रों में कोहरे का असर देखने को मिला। सुबह के समय घर से निकलने वाले किसान व स्कूली बच्चे भी गर्म कपड़े पहने नजर आए। लोगों का कहना है कि गत वर्ष की तुलना इस वर्ष ठंड अधिक पड़ेगी। बीते वर्ष दिसंबर माह के पहले सप्ताह में कोहरा पड़ना शुरू हुआ था। इस बार अक्तूबर माह में कोहरा पड़ने से यह साफ है कि आने वाले कुछ दिनों में काफी ठंड बढ़ जाएगी।
फसलों को मिलेगा लाभ
जिला कृषि अधिकारी पीयूष राय ने बताया कि ठंड बढ़ने से सुगंधित धान की प्रजाति को सबसे अधिक लाभ मिलेगा। उनमें पैदावार अधिक होगी। सरसों, चना, मटर, मसूर व आलू की बुआई इस समय चल रही है। ठंड बढ़ने से खेतों में नमी बरकरार रहेगी जिससे अंकुरण जल्दी होगा। बताया कि वर्ष 2024-25 का गेहूं का लक्ष्य एक लाख 19 हजार 261 हेक्टेयर है। इसी प्रकार जौ का 330 हेक्टेयर, चने का 1682 हेक्टेयर, मटर का 5830 हेक्टेयर, मसूर का 424 हेक्टेयर व सरसों का 13,551 हेक्टेयर लक्ष्य मिला है। सभी की बुआई तेजी से चल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंगलवार को जिले के कई क्षेत्रों में कोहरे का असर देखने को मिला। सुबह के समय घर से निकलने वाले किसान व स्कूली बच्चे भी गर्म कपड़े पहने नजर आए। लोगों का कहना है कि गत वर्ष की तुलना इस वर्ष ठंड अधिक पड़ेगी। बीते वर्ष दिसंबर माह के पहले सप्ताह में कोहरा पड़ना शुरू हुआ था। इस बार अक्तूबर माह में कोहरा पड़ने से यह साफ है कि आने वाले कुछ दिनों में काफी ठंड बढ़ जाएगी।
विज्ञापन
फसलों को मिलेगा लाभ
जिला कृषि अधिकारी पीयूष राय ने बताया कि ठंड बढ़ने से सुगंधित धान की प्रजाति को सबसे अधिक लाभ मिलेगा। उनमें पैदावार अधिक होगी। सरसों, चना, मटर, मसूर व आलू की बुआई इस समय चल रही है। ठंड बढ़ने से खेतों में नमी बरकरार रहेगी जिससे अंकुरण जल्दी होगा। बताया कि वर्ष 2024-25 का गेहूं का लक्ष्य एक लाख 19 हजार 261 हेक्टेयर है। इसी प्रकार जौ का 330 हेक्टेयर, चने का 1682 हेक्टेयर, मटर का 5830 हेक्टेयर, मसूर का 424 हेक्टेयर व सरसों का 13,551 हेक्टेयर लक्ष्य मिला है। सभी की बुआई तेजी से चल रही है।
विज्ञापन