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धान के खेतों में पड़ी दरारें
अमर उजाला ब्यूरो/ अंबेडकरनगर
Updated Tue, 28 Jul 2015 10:30 PM IST
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बीते कुछ दिनों से अधिकतर क्षेत्रों में बारिश न होने और तेज धूप निकलने से धान किसानों की चिंता बढ़ गई है। समुचित सिंचाई न होने से खेतों में दरारें पड़ गई हैं। किसानों का कहना है कि इसी प्रकार एक सप्ताह तक बारिश नहीं होती है, तो इसका प्रतिकूल प्रभाव धान की फसल पर पड़ेगा।
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किसानों की समस्याएं व चिंता बढ़ती जा रही है। बीते दिनों जब रुक-रुककर बारिश हुई, तो किसानों ने धान की रोपाई का कार्य तेज कर दिया था। किसानों को उम्मीद थी कि इसी प्रकार से बारिश होती रहीं, तो धान की अच्छी उपज हो सकती है। समय बीतने के साथ ही अच्छी फसल की उम्मीदें टूटने लगीं। बीते कुछ दिनों से बारिश का सिलसिला थम गया है।
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तेज धूप निकल रही है। इसका सीधा प्रभाव धान की फसल पर पड़ रहा है। अकबरपुर के किसान राकेश कुमार व जगजीवन ने कहा कि एक सप्ताह और भी बारिश नहीं हुई, तो इसका प्रतिकूल प्रभाव धान की फसल पर पड़ेगा। कहा कि अभी से फसलों में दीमक लगना शुरू हो गया है। अगर बारिश नहीं हुई तो दीमक फसल को नष्ट कर देगी।
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भीटी के किसान रामबख्श सिंह व भगवती प्रसाद दुबे ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि जिस प्रकार से मौसम है, उसे देखकर नहीं लगता कि जल्द बारिश होगी। बारिश नहीं होती है, तो फसल के नष्ट होने की पूरी आशंका है।