{"_id":"6616d025405f39350c0fff99","slug":"defection-of-two-big-leaders-increased-excitement-ambedkar-nagar-news-c-91-1-slko1001-113582-2024-04-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: दो बड़े नेताओं के दलबदल ने बढ़ाई सरगर्मी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: दो बड़े नेताओं के दलबदल ने बढ़ाई सरगर्मी
Wed, 10 Apr 2024 11:15 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Wed, 10 Apr 2024 11:15 PM IST
विज्ञापन
दिग्गज भाजपा व बसपा नेता लखनऊ पार्टी की सदस्यता दिलाते सपा प्रमुख अशिलेश यादव-
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबेडकरनगर।
लोकसभा चुनाव की रंगत अब बढ़ने लगी है। बुधवार को यहां दो बड़े दलबदल ने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी। एक ही विधानसभा क्षेत्र के अलग-अलग दल के दो बड़े नेताओं ने एक साथ सपा का दामन थाम लिया। इसमें पूर्व विधायक सुभाष राय ने भाजपा छोड़कर तो विधानसभा चुनाव लड़ चुके वरिष्ठ नेता डॉ. राजेश सिंह ने समर्थकों के साथ सपा में आस्था जताई। इसके साथ ही श्रावस्ती सांसद रामशिरोमणि वर्मा के भी जल्द ही सपा में शामिल होने के आसार हैं।
जिले में अभी तक भाजपा ने अलग-अलग दल के नेताओं को पार्टी में शामिल कराने का अभियान चला रखा था। इसपर चुपचाप नजर रख रही सपा ने भी बुधवार को बड़ी पहल की है। वर्ष 2019 के उपचुनाव में जलालपुर से सपा के टिकट पर विधायक चुने गए सुभाष राय सपा प्रमुख अखिलेश यादव के सामने पार्टी के फिर से हमराह हो गए। वह विधायक बनने के बाद हुए सामान्य चुनाव में भाजपा में शामिल हो गए थे। पार्टी ने उन्हें 2022 में टिकट भी दिया था, लेकिन तब सपा से राकेश पांडेय विधायक चुने गए थे। इसी विधानसभा क्षेत्र के निवासी बसपा नेता डॉ. राजेश सिंह ने पहला चुनाव वर्ष 2017 में भाजपा के टिकट पर लड़ा। 2019 के उपचुनाव में भी वे भाजपा प्रत्याशी रहे। 2022 में वह बसपा प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़े। उनके पिता शेरबहादुर सिंह जलालपुर से पांच बार विधायक रह चुके हैं।
विज्ञापन
लोकसभा चुनाव की रंगत अब बढ़ने लगी है। बुधवार को यहां दो बड़े दलबदल ने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी। एक ही विधानसभा क्षेत्र के अलग-अलग दल के दो बड़े नेताओं ने एक साथ सपा का दामन थाम लिया। इसमें पूर्व विधायक सुभाष राय ने भाजपा छोड़कर तो विधानसभा चुनाव लड़ चुके वरिष्ठ नेता डॉ. राजेश सिंह ने समर्थकों के साथ सपा में आस्था जताई। इसके साथ ही श्रावस्ती सांसद रामशिरोमणि वर्मा के भी जल्द ही सपा में शामिल होने के आसार हैं।
जिले में अभी तक भाजपा ने अलग-अलग दल के नेताओं को पार्टी में शामिल कराने का अभियान चला रखा था। इसपर चुपचाप नजर रख रही सपा ने भी बुधवार को बड़ी पहल की है। वर्ष 2019 के उपचुनाव में जलालपुर से सपा के टिकट पर विधायक चुने गए सुभाष राय सपा प्रमुख अखिलेश यादव के सामने पार्टी के फिर से हमराह हो गए। वह विधायक बनने के बाद हुए सामान्य चुनाव में भाजपा में शामिल हो गए थे। पार्टी ने उन्हें 2022 में टिकट भी दिया था, लेकिन तब सपा से राकेश पांडेय विधायक चुने गए थे। इसी विधानसभा क्षेत्र के निवासी बसपा नेता डॉ. राजेश सिंह ने पहला चुनाव वर्ष 2017 में भाजपा के टिकट पर लड़ा। 2019 के उपचुनाव में भी वे भाजपा प्रत्याशी रहे। 2022 में वह बसपा प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़े। उनके पिता शेरबहादुर सिंह जलालपुर से पांच बार विधायक रह चुके हैं।
विज्ञापन