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किशोरी से दुष्कर्म में दोषी को 10 वर्ष का कारावास
अंबेडकरनगर
Updated Thu, 21 Jul 2016 11:56 PM IST
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कोर्ट
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किशोरी के साथ दुष्कर्म के मामले में दोषी को 10 वर्ष के कारावास की सजा विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट ने सुनाई है। उस पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। 24 फरवरी 2013 को आलापुर थाने में दर्ज कराए गए केस में महिला सरोजा (परिवर्तित नाम) ने कहा कि उसकी 12 वर्षीय पुत्री को दो दिन पहले गांव का ही एक व्यक्ति ताज मोहम्मद बहला फुसलाकर अपने घर ले गया।
वहां उससे उसने दुष्कर्म किया, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और चालान कर दिया था। आरोपी इन दिनों जमानत पर था। इस बीच यह मामला सत्र परीक्षण के लिए पेश हुआ।
अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पाक्सो सर्वेश कुमार ने मामले में सुनवाई करते हुए कहा कि अभियुक्त शादीशुदा है, जबकि पीड़िता की उम्र काफी कम है। ऐसे में अभियुक्त ताजमोहम्मद के विरुद्घ नरमी बरते जाने का कोई औचित्य नहीं है।
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उन्होंने अपने फैसले में दोषी को 10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाते हुए उस पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। कहा गया कि अर्थदंड अदा न करने पर 6 माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई जाएगी। फैसले में कहा गया कि अर्थदंड की रकम जमा किए जाने पर पीड़िता को तीन चौथाई राशि प्रतिकर के रूप में दिलाई जाए।
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वहां उससे उसने दुष्कर्म किया, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और चालान कर दिया था। आरोपी इन दिनों जमानत पर था। इस बीच यह मामला सत्र परीक्षण के लिए पेश हुआ।
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अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पाक्सो सर्वेश कुमार ने मामले में सुनवाई करते हुए कहा कि अभियुक्त शादीशुदा है, जबकि पीड़िता की उम्र काफी कम है। ऐसे में अभियुक्त ताजमोहम्मद के विरुद्घ नरमी बरते जाने का कोई औचित्य नहीं है।
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उन्होंने अपने फैसले में दोषी को 10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाते हुए उस पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। कहा गया कि अर्थदंड अदा न करने पर 6 माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई जाएगी। फैसले में कहा गया कि अर्थदंड की रकम जमा किए जाने पर पीड़िता को तीन चौथाई राशि प्रतिकर के रूप में दिलाई जाए।