{"_id":"6081adfb8ebc3e245976a41d","slug":"corona-s-dreaded-government-office-immersed-in-silence-ambedkar-nagar-news-lko5753136146","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरोना के खौफ से सन्नाटे में डूबे सरकारी दफ्तर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरोना के खौफ से सन्नाटे में डूबे सरकारी दफ्तर
विज्ञापन
अंबेडकरनगर में बढ़ते कोरोना संक्रमण के चलते अकबरपुर तहसील में पसरा रहा सन्नाटा।
- फोटो : AMBEDKAR NAGAR
अंबेडकरनगर। कोरोना वॉयरस के बढ़ते खौफ से सरकारी कार्यालयों में सन्नाटा पसरने लगा है। सामान्य दिनों में जहां तहसील, विकास भवन, कलेक्ट्रेट सहित अन्य सरकारी कार्यालयों में लोगों का जमावड़ा लगा दिखता था वहीं अब कार्यरत कर्मचारी भी नजर नहीं आते। संक्रमण से बचने को जरूरी कार्य कराने को ही चुनिंदा लोग कार्यालयों में नजर आते हैं। कार्यालयों में अधिकारी व कर्मचारी भी पचास फीसदी क्षमता के आधार पर ही कार्य करने को पहुंच रहे हैं। इससे संबंधित कार्यालयों में दिनभर सन्नाटा सा पसरा रहता है।
जिले में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण ने लोगों को घरों में ही कैद रहने को मजबूर कर दिया है। अत्यंत जरूरी कार्य की मजबूरी के चलते ही लोग घरों से बाहर निकल रहे हैं। कोरोना से बचाव को लेकर आम नागरिक किस कदर जागरूक हो रहा है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सरकारी कार्यालयों में मौजूदा समय में लगभग पूरे दिन सन्नाटा ही पसरा रहता है। अत्यंत भीड़भाड़ वाले कार्यालय अकबरपुर तहसील हो या फिर विकास भवन व कलेक्ट्रेट, लगभग सभी कार्यालयों में पूरे दिन इक्का दुक्का लोग ही काम काज कराने को मैाजूद नजर आते हैं।
गुरुवार को अमर उजाला टीम ने विभिन्न कार्यालयों का जायजा लिया, तो ज्यादातर कार्यालय सन्नाटे में डूबे नजर आए। अकबरपुर तहसील में पूर्वाह्न तक लगभग पूरी तरह सन्नाटा पसरा हुआ था, जबकि आम दिनों में विभिन्न कार्यों के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचते थे। कुछ ऐसा ही हाल विकास भवन में भी दिखा।
विज्ञापन
विकास भवन स्थित विभिन्न कार्यालयों में सिर्फ अधिकारी व कर्मचारी ही कार्य करते दिखे। कृषि भवन में आमतौर पर लगने वाली किसानों की भीड़, गुरुवार को नदारद दिखी। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभ के लिए बरियावन से आए रामअछैबर ने कहा कि योजना का लाभ पाने को जरूरी दस्तावेज जमा करने ही कार्यालय आना पड़ा। इसी प्रकार से कलेक्ट्रेट, अकबरपुर विद्युत उपकेंद्र समेत अन्य सरकारी कार्यालयों में भी सन्नाटा ही पसरा रहा।
विज्ञापन
जिले में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण ने लोगों को घरों में ही कैद रहने को मजबूर कर दिया है। अत्यंत जरूरी कार्य की मजबूरी के चलते ही लोग घरों से बाहर निकल रहे हैं। कोरोना से बचाव को लेकर आम नागरिक किस कदर जागरूक हो रहा है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सरकारी कार्यालयों में मौजूदा समय में लगभग पूरे दिन सन्नाटा ही पसरा रहता है। अत्यंत भीड़भाड़ वाले कार्यालय अकबरपुर तहसील हो या फिर विकास भवन व कलेक्ट्रेट, लगभग सभी कार्यालयों में पूरे दिन इक्का दुक्का लोग ही काम काज कराने को मैाजूद नजर आते हैं।
विज्ञापन
गुरुवार को अमर उजाला टीम ने विभिन्न कार्यालयों का जायजा लिया, तो ज्यादातर कार्यालय सन्नाटे में डूबे नजर आए। अकबरपुर तहसील में पूर्वाह्न तक लगभग पूरी तरह सन्नाटा पसरा हुआ था, जबकि आम दिनों में विभिन्न कार्यों के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचते थे। कुछ ऐसा ही हाल विकास भवन में भी दिखा।
विज्ञापन
विकास भवन स्थित विभिन्न कार्यालयों में सिर्फ अधिकारी व कर्मचारी ही कार्य करते दिखे। कृषि भवन में आमतौर पर लगने वाली किसानों की भीड़, गुरुवार को नदारद दिखी। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभ के लिए बरियावन से आए रामअछैबर ने कहा कि योजना का लाभ पाने को जरूरी दस्तावेज जमा करने ही कार्यालय आना पड़ा। इसी प्रकार से कलेक्ट्रेट, अकबरपुर विद्युत उपकेंद्र समेत अन्य सरकारी कार्यालयों में भी सन्नाटा ही पसरा रहा।