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Ambedkar Nagar News: आस्ताने आलिया पर चढ़ाई चादर, माथा टेक मांगी मन्नत
Sun, 03 Nov 2024 10:37 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Sun, 03 Nov 2024 10:37 PM IST
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10 किछौछा दरगाह में लगे अगहनिया मेले में उमड़े लोग।
अंबेडकरनगर। महान सूफी संत हजरत मखदूम अशरफ जहांगीर सिमनानी की विश्व प्रसिद्ध दरगाह किछौछा में चल रहे अगहनिया मेले में रविवार को जायरीन की भीड़ उमड़ पड़ी। आस्ताने आलिया पर पहुंचकर जायरीन ने चादर चढ़ाई। साथ ही माथा टेककर मन्नत भी मांगी। जायरीन की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के कड़े प्रबंध रहे।
दीपोत्सव के मौके पर शुरू हुए अगहनिया मेले में देश के अलग-अलग क्षेत्र से जायरीन के पहुंचने का सिलसिला रविवार को भी जारी रहा। 40 दिन तक चलने वाले मेले में रविवार को पहुंचे जायरीन ने आस्ताने आलिया पर पहुंचकर चादरपोशी की। साथ ही देश व दुनिया में अमनचैन की दुआ के साथ ही माथा भी टेका। दरगाह परिसर स्थित पवित्र नीर शरीफ में जायरीन ने स्नान भी किया। मान्यता है कि नीर शरीफ में स्नान करने से त्वचा से जुड़े रोग दूर होते हैं।
बिहार से परिवार के साथ आए रवींद्र कुमार ने कहा कि वे प्रत्येक वर्ष यहां आते हैं। जो मन्नत मांगते हैं वह पूरी भी होती है। बताया कि दीपोत्सव के दिन आए थे। अब सोमवार को वापस चले जाएंगे। कोलकाता से आए मोहम्मद रईस व रेशमा ने कहा कि वे यहां सालाना उर्स के साथ ही अगहनिया मेले में भी आते हैं।
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मेले की व्यवस्था देख रहे अकील अशरफ व नसीम अशरफ ने बताया कि जायरीन को अच्छी व्यवस्था देने को लेकर बेहतर प्रबंध किए गए हैं। बेहतर साफ-सफाई के साथ ही प्रकाश, पेयजल की भी समुचित व्यवस्था है।
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दीपोत्सव के मौके पर शुरू हुए अगहनिया मेले में देश के अलग-अलग क्षेत्र से जायरीन के पहुंचने का सिलसिला रविवार को भी जारी रहा। 40 दिन तक चलने वाले मेले में रविवार को पहुंचे जायरीन ने आस्ताने आलिया पर पहुंचकर चादरपोशी की। साथ ही देश व दुनिया में अमनचैन की दुआ के साथ ही माथा भी टेका। दरगाह परिसर स्थित पवित्र नीर शरीफ में जायरीन ने स्नान भी किया। मान्यता है कि नीर शरीफ में स्नान करने से त्वचा से जुड़े रोग दूर होते हैं।
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बिहार से परिवार के साथ आए रवींद्र कुमार ने कहा कि वे प्रत्येक वर्ष यहां आते हैं। जो मन्नत मांगते हैं वह पूरी भी होती है। बताया कि दीपोत्सव के दिन आए थे। अब सोमवार को वापस चले जाएंगे। कोलकाता से आए मोहम्मद रईस व रेशमा ने कहा कि वे यहां सालाना उर्स के साथ ही अगहनिया मेले में भी आते हैं।
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मेले की व्यवस्था देख रहे अकील अशरफ व नसीम अशरफ ने बताया कि जायरीन को अच्छी व्यवस्था देने को लेकर बेहतर प्रबंध किए गए हैं। बेहतर साफ-सफाई के साथ ही प्रकाश, पेयजल की भी समुचित व्यवस्था है।