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Ambedkar Nagar News: चार साल पहले होती कार्रवाई तो बच जातीं पांच जिंदगी
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अंबेडकरनगर। करीब साढ़े चार साल पहले अकबरपुर के शहजादपुर के शिवा कसौंधन की हत्या के दोषी आमिर का एनकाउंटर होने के बाद बर्तन व्यवसायी संत कुमार कसौंधन और उनकी पत्नी सरिता देवी का दर्द छलक उठा। उन्होंने अपने बेटे के हत्यारे की एनकाउंटर पर आभार जताया है, लेकिन साथ ही उन्हें मलाल यह भी है कि अगर शिवा की हत्या के बाद ही एनकाउंटर कर दिया जाता तो शायद आज चार बच्चे और उनका मां जीवित होती।
संत कुमार व उनकी पत्नी बताते हैं कि 11 नवंबर 2021 की रात शिवा संदिग्ध हालात में गायब हो गया था। काफी तलाश के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं लगा था। अगले दिन 12 नवंबर को गुमशुदगी की सूचना दी थी। उच्चाधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद 14 नवंबर को एफआईआर दर्ज हुई और इसी दिन शव कोड़रा बाग क्षेत्र में तमसा नदी से एक बोरे में शव बरामद हुआ था। परिजनों के अनुसार पांच लाख रुपये के लेनदेन के विवाद में इस वारदात को अंजाम दिया गया था।
परिजनों का आरोप है कि जमानत पर रिहा होने के बाद आरोपी खुलेआम घूमते था, जिससे परिवार लगातार दहशत और दर्द में जी रहा था। संत कुमार के मुताबिक उनका बेटा पहले आमिर के साथ खेलता था लेकिन बाद में आमिर अपराध की दुनिया में उतर गया। धीरे-धीरे उसका व्यवहार हिंसक होता गया और उसने इलाके में दहशत फैलानी शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि जिस दिन उनके बेटे की हत्या हुई, उसी दिन से उनका परिवार बिखर गया था। अब एनकाउंटर के बाद उन्हें लग रहा है कि बेटे की आत्मा को भी शांति मिली होगी।
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संत कुमार व उनकी पत्नी बताते हैं कि 11 नवंबर 2021 की रात शिवा संदिग्ध हालात में गायब हो गया था। काफी तलाश के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं लगा था। अगले दिन 12 नवंबर को गुमशुदगी की सूचना दी थी। उच्चाधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद 14 नवंबर को एफआईआर दर्ज हुई और इसी दिन शव कोड़रा बाग क्षेत्र में तमसा नदी से एक बोरे में शव बरामद हुआ था। परिजनों के अनुसार पांच लाख रुपये के लेनदेन के विवाद में इस वारदात को अंजाम दिया गया था।
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परिजनों का आरोप है कि जमानत पर रिहा होने के बाद आरोपी खुलेआम घूमते था, जिससे परिवार लगातार दहशत और दर्द में जी रहा था। संत कुमार के मुताबिक उनका बेटा पहले आमिर के साथ खेलता था लेकिन बाद में आमिर अपराध की दुनिया में उतर गया। धीरे-धीरे उसका व्यवहार हिंसक होता गया और उसने इलाके में दहशत फैलानी शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि जिस दिन उनके बेटे की हत्या हुई, उसी दिन से उनका परिवार बिखर गया था। अब एनकाउंटर के बाद उन्हें लग रहा है कि बेटे की आत्मा को भी शांति मिली होगी।
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