{"_id":"59e642a34f1c1b8d698b64e5","slug":"15082626328-ambedkar-nagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मागों के समर्थन में लेखपालों ने ठप रखा तहसीलों में काम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मागों के समर्थन में लेखपालों ने ठप रखा तहसीलों में काम
Updated Tue, 17 Oct 2017 11:19 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लेखपालों ने काम छोड़ तहसीलों में किया प्रदर्शन
अंबेडकरनगर। जनपद के लेखपालों ने मंगलवार को कार्य का बहिष्कार करने के साथ तहसील मुख्यालयों पर प्रदर्शन किया। कहा कि पुरानी पेंशन योजना की बहाली, लेखपाल का नाम बदलकर उपराजस्व निरीक्षक करने जैसी मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है। अब और उपेक्षा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कहा कि उनकी मागों का निस्तारण शीघ्र नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन करेंगे। लेखपालों की हड़ताल का सीधा असर तहसील के दैनिक कार्यों पर पड़ा। तहसील पहुंचे लोगों को निराश लौटना पड़ा। अकबरपुर तहसील परिसर में प्रदर्शन के दौरान लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष रामचरन दुबे ने कहा कि वेतनमान दो हजार से बढ़ाकर 2800 रुपये करने, पुरानी पेंशन योजना की बहाली, उपराजस्व निरीक्षक नाम देने समेत कई मांगें लंबे समय से की जा रही है।
उन्हें पूरा करने को लेकर शासन गंभीरता नहीं दिखा रहा है। अन्य वक्ताओं ने कहा कि लेखपालों को लैपटॉप व स्मार्ट फोन देने की मांग की भी लंबित है। चेतावनी दी कि शीघ्र ही उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा। हड़ताल को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद जिलाध्यक्ष सूर्यभान सिंह ने प्रदर्शनस्थल पहुंचकर समर्थन दिया।
विज्ञापन
इस दौरान रामशेष वर्मा, मोहम्मद अमजद खां, प्रज्जवलित कुमार आदि मौजूद रहे। इसके साथ जलालपुर, भीटी, टांडा व आलापुर में भी लेखपालों ने प्रदर्शन किया। इसका खामियाजा उन लोगों को भुगतना पड़ा जो राजस्व संबंधी कार्यों के लिए तहसील पहुंचे थे।
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। जनपद के लेखपालों ने मंगलवार को कार्य का बहिष्कार करने के साथ तहसील मुख्यालयों पर प्रदर्शन किया। कहा कि पुरानी पेंशन योजना की बहाली, लेखपाल का नाम बदलकर उपराजस्व निरीक्षक करने जैसी मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है। अब और उपेक्षा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कहा कि उनकी मागों का निस्तारण शीघ्र नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन करेंगे। लेखपालों की हड़ताल का सीधा असर तहसील के दैनिक कार्यों पर पड़ा। तहसील पहुंचे लोगों को निराश लौटना पड़ा। अकबरपुर तहसील परिसर में प्रदर्शन के दौरान लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष रामचरन दुबे ने कहा कि वेतनमान दो हजार से बढ़ाकर 2800 रुपये करने, पुरानी पेंशन योजना की बहाली, उपराजस्व निरीक्षक नाम देने समेत कई मांगें लंबे समय से की जा रही है।
विज्ञापन
उन्हें पूरा करने को लेकर शासन गंभीरता नहीं दिखा रहा है। अन्य वक्ताओं ने कहा कि लेखपालों को लैपटॉप व स्मार्ट फोन देने की मांग की भी लंबित है। चेतावनी दी कि शीघ्र ही उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा। हड़ताल को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद जिलाध्यक्ष सूर्यभान सिंह ने प्रदर्शनस्थल पहुंचकर समर्थन दिया।
विज्ञापन
इस दौरान रामशेष वर्मा, मोहम्मद अमजद खां, प्रज्जवलित कुमार आदि मौजूद रहे। इसके साथ जलालपुर, भीटी, टांडा व आलापुर में भी लेखपालों ने प्रदर्शन किया। इसका खामियाजा उन लोगों को भुगतना पड़ा जो राजस्व संबंधी कार्यों के लिए तहसील पहुंचे थे।