फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Without Model Paper Preparation Will Affect

बिना मॉडल पेपर प्रभावित होगी तैयारी

Mon, 01 Apr 2019 01:34 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Mon, 01 Apr 2019 01:34 AM IST
विज्ञापन
Without Model Paper Preparation Will Affect
UPPSC

उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) ने पीसीएस-2018 की प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम तो घोषित कर दिया लेकिन मुख्य परीक्षा का मॉडल पेपर अब तक जारी नहीं किया। मुख्य परीक्षा की तैयारी के लिए अभ्यर्थियों के पास तकरीबन ढाई माह का समय है लेकिन इस पर मुख्य परीक्षा आईएएस की तर्ज पर बदले पैटर्न पर होगी। ऐसे में बिना मॉडल पेपर अभ्यर्थियों की तैयारी प्रभावित होगी।

विज्ञापन


पीसीएस-2018 से मुख्य परीक्षा अब संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा की तर्ज पर आयोजित की जाएगी। ऐसे में पीसीएस के पुराने एवं नए अभ्यर्थियों को अब परंपरागत पेपर से हटकर नए सिरे से तैयारी करनी है। आयोग ने यह तो बता दिया कि परीक्षा नए पैटर्न पर होगी लेकिन इसका नया स्वरूप कैसा होगा, अभ्यर्थियों को यह मालूम ही नहीं। अभ्यर्थी लगतार मांग कर रहे हैं कि मॉडल पेपर जारी किया जाए। उनका कहना है कि सिर्फ यह कह देने से काम नहीं चलेगा कि आईएएस की तर्ज पर तैयारी की जाए।
विज्ञापन


आयोग ने जब वर्ष 2012 में सीसैट लागू होने पर प्रारंभिक परीक्षा का मॉडल पेपर जारी किया था तो मुख्य परीक्षा का मॉडल पेपर जारी करने से क्यों कतरा रहा है। अभ्यर्थियों को आशंका है कि नए पैटर्न पर मुख्य परीक्षा के आयोजन को लेकर आयोग के स्तर से ही तैयारी अधूरी है और इसी वजह से आयोग मॉडल पेपर जारी करने से कतरा रहा है। अभ्यर्थियों का कहना है कि आईएएस की परीक्षा में जीएस का पेपर 250 अंकों को होता है जबकि पीसीएस में 200 अंकों का होता है। किस सवाल के जवाब को कितने शब्दों में लिखना है, यह भी स्पष्ट नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन



आयोग ने पदों की संख्या भी बढ़ा दी है। विज्ञापन 831 पदों पर भर्ती के लिए जारी किया गया था और प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम आते-आते पदों की संख्या बढ़कर 988 हो गई। ऐसे में अभ्यर्थी चाहते हैं कि बेहतर तैयारी के साथ पीसीएस मुख्य परीक्षा में शामिल हों। भ्रष्टाचार मुक्त मोर्चा के अध्यक्ष कौशल सिंह का कहना है कि आयोग मॉडल पेपर जारी करना चाहिए, वरना अभ्यर्थियों की तैयारी प्रभावित होगी। अगर आयोग मॉडल पेपर नहीं देता है तो प्रतियोगी छात्र आंदोलन करेेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed