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यूपीएससीः परीक्षा शुरू होने से 10 मिनट पहले बंद हो जाएगा गेट
Sat, 01 Jun 2019 12:56 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Sat, 01 Jun 2019 12:56 AM IST
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UPSC Civil Services Result
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संघ लोक सेवा आयोग की ओर से दो जून को होने वाली प्रारंभिक परीक्षा के अभ्यर्थियों को समय से 10 मिनट पहले ही केंद्र पर पहुंचना होगा। अन्यथा, परीक्षा से वंचित हो जाएंगे। आयोग ने परीक्षा की शुचिता के लिए इस बार कई कदम उठाए हैं। इसके अनुसार परीक्षा शुरू होने से 10 मिनट पहले ही गेट बंद हो जाएगा। यानी, परीक्षा सुबह 9.30 बजे से शुरू होगी लेकिन गेट 10 मिनट पहले 9.20 बजे ही बंद हो जाएगा। पहले परीक्षा शुरू होने से 10 मिनट बाद तक केंद्र पर पहुंचने वाले अभ्यर्थियों को भी परीक्षा में शामिल कर लिया जाता था।
एक अन्य बदलाव के तहत अभ्यर्थी अब दूसरे केंद्र पर परीक्षा नहीं दे पाएंगे। पूर्व में व्यवस्था थी कि यदि कोई अभ्यर्थी समय से निर्धारित केंद्र पर नहीं पहुंच पाए तो नजदीक के किसी केंद्र पर उन्हेें परीक्षा में शामिल कर लिया जाता था। हालांकि, दूसरी पारी की परीक्षा निर्धारित केंद्र पर ही देनी होती थी लेकिन इस बार से अभ्यर्थियों को यह छूट नहीं मिलने जा रही। आयोग की ओर से परीक्षा व्यवस्था में कई अन्य बदलाव भी किए गए हैं।
सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा जिले के 96 केंद्रों पर होगी। इसमें 43 हजार से अधिक अभ्यर्थी शामिल होंगे। मोतीलाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान में शुक्रवार को हुई बैठक में परीक्षा व्यवस्था, सुरक्षा आदि बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। इसमें शामिल अफसरों और कर्मचारियों को आयोग के मानक तथा अन्य बिंदुओं से अवगत कराया गया।
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डीएम परीक्षा के प्रभारी होंगे। आयोग की ओर से भी एक पर्यवेक्षक की तैनाती की गई है। इनके अलावा पांच अन्य आईएएस अफसर परीक्षा पर निगरानी रखेंगे। इसमें मेलाधिकारी, सीडीओ, नगर आयुक्त, आबकारी आयुक्त तथा राजस्व परिषद के सदस्य शामिल हैं। इनके अलावा हर केंद्र पर क्लास टू स्तर के अफसरों की तैनाती होगी। हर तीन केंद्र पर सेक्टर मजिस्ट्रेट की तैनाती होगी, जो पीसीएस स्तर के अफसर होंगे। भर्ती परीक्षाओं में मोबाइल तथा अन्य इलेक्ट्रानिक डिवाइस से नकल की लगातार शिकायतें मिल रही हैं। इसके मद्देनजर सभी केंद्र पर जैमर लगाने का भी निर्णय लिया गया है। अभ्यर्थी मोबाइल तथा अन्य इलेक्ट्रानिक डिवाइस परीक्षा कक्ष में नहीं ला जा सकेंगे। कक्ष निरीक्षकों के मोबाइल भी रखवा लिए जाएंगे। अफसराें को एक दिन पहले ही केंद्रों की व्यवस्था देख लेने की हिदायत दी गई।
उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा आयोग की ओर से आयोजित मंडी निरीक्षक भर्ती परीक्षा में शुक्रवार को मात्र 44 प्रतिशत अभ्यर्थी शामिल हुए। जिले के कुल 33 परीक्षा केंद्रों पर 19645 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें से 8645 अभ्यर्थी ही परीक्षा में शामिल हुए। इस तरह से कुल 44 प्रतिशत उपस्थिति रही। बृहस्पतिवार को भी दो पारियों में परीक्षा हुई थी। इसमें कुल पंजीकृत 60096 में से 34226 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे। इस तरह से दोनों दिन की परीक्षा कुल 54 फीसदी उपस्थिति रही। परीक्षा में कहीं से गड़बड़ी की शिकायत नहीं हुई है।
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एक अन्य बदलाव के तहत अभ्यर्थी अब दूसरे केंद्र पर परीक्षा नहीं दे पाएंगे। पूर्व में व्यवस्था थी कि यदि कोई अभ्यर्थी समय से निर्धारित केंद्र पर नहीं पहुंच पाए तो नजदीक के किसी केंद्र पर उन्हेें परीक्षा में शामिल कर लिया जाता था। हालांकि, दूसरी पारी की परीक्षा निर्धारित केंद्र पर ही देनी होती थी लेकिन इस बार से अभ्यर्थियों को यह छूट नहीं मिलने जा रही। आयोग की ओर से परीक्षा व्यवस्था में कई अन्य बदलाव भी किए गए हैं।
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सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा जिले के 96 केंद्रों पर होगी। इसमें 43 हजार से अधिक अभ्यर्थी शामिल होंगे। मोतीलाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान में शुक्रवार को हुई बैठक में परीक्षा व्यवस्था, सुरक्षा आदि बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। इसमें शामिल अफसरों और कर्मचारियों को आयोग के मानक तथा अन्य बिंदुओं से अवगत कराया गया।
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डीएम परीक्षा के प्रभारी होंगे। आयोग की ओर से भी एक पर्यवेक्षक की तैनाती की गई है। इनके अलावा पांच अन्य आईएएस अफसर परीक्षा पर निगरानी रखेंगे। इसमें मेलाधिकारी, सीडीओ, नगर आयुक्त, आबकारी आयुक्त तथा राजस्व परिषद के सदस्य शामिल हैं। इनके अलावा हर केंद्र पर क्लास टू स्तर के अफसरों की तैनाती होगी। हर तीन केंद्र पर सेक्टर मजिस्ट्रेट की तैनाती होगी, जो पीसीएस स्तर के अफसर होंगे। भर्ती परीक्षाओं में मोबाइल तथा अन्य इलेक्ट्रानिक डिवाइस से नकल की लगातार शिकायतें मिल रही हैं। इसके मद्देनजर सभी केंद्र पर जैमर लगाने का भी निर्णय लिया गया है। अभ्यर्थी मोबाइल तथा अन्य इलेक्ट्रानिक डिवाइस परीक्षा कक्ष में नहीं ला जा सकेंगे। कक्ष निरीक्षकों के मोबाइल भी रखवा लिए जाएंगे। अफसराें को एक दिन पहले ही केंद्रों की व्यवस्था देख लेने की हिदायत दी गई।
उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा आयोग की ओर से आयोजित मंडी निरीक्षक भर्ती परीक्षा में शुक्रवार को मात्र 44 प्रतिशत अभ्यर्थी शामिल हुए। जिले के कुल 33 परीक्षा केंद्रों पर 19645 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें से 8645 अभ्यर्थी ही परीक्षा में शामिल हुए। इस तरह से कुल 44 प्रतिशत उपस्थिति रही। बृहस्पतिवार को भी दो पारियों में परीक्षा हुई थी। इसमें कुल पंजीकृत 60096 में से 34226 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे। इस तरह से दोनों दिन की परीक्षा कुल 54 फीसदी उपस्थिति रही। परीक्षा में कहीं से गड़बड़ी की शिकायत नहीं हुई है।