{"_id":"69f7b345e503705ab30cedb6","slug":"up-tet-2026-on-the-last-day-15-lakh-50-thousand-candidates-registered-online-allahabad-news-c-3-ald1024-876911-2026-05-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूपी टीईटी-2026 : अंतिम दिन 15 लाख 50 हजार अभ्यर्थियों ने कराया ऑनलाइन पंजीकरण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी टीईटी-2026 : अंतिम दिन 15 लाख 50 हजार अभ्यर्थियों ने कराया ऑनलाइन पंजीकरण
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग की ओर से यूपी टीईटी-2026 के ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि तीन मई तक बढ़ाए जाने का लाभ प्रदेश के लगभग 50 हजार से अधिक ऐसे शिक्षकों को भी मिला है, जिन्होंने दूरस्थ शिक्षा (ओडीएल) माध्यम से डीएलएड किया है। उन्होंने भी ऑनलाइन पंजीकरण कराया है।
आयोग के सूत्रों के अनुसार रविवार की दोपहर तक 15 लाख 50 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) की प्रक्रिया पूरी कर ली। आवेदन पत्र में संशोधन और शुल्क समाधान की अंतिम तिथि आठ मई है। शनिवार शाम तक 14 लाख 88 हजार अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया था।
आयोग ने प्राथमिक स्तर (कक्षा एक से पांच) और उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा छह से आठ) के लिए परीक्षा का विज्ञापन 20 मार्च को जारी किया था। ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया 27 मार्च से शुरू हुई थी। अभ्यर्थियों को निर्देश दिया गया है कि ओटीआर करने के बाद ही आवेदन करें। उप सचिव संजय कुमार सिंह के अनुसार, ओटीआर में सर्वर संबंधी समस्याओं को देखते हुए आवेदन, शुल्क जमा करने और संशोधन की तिथियों में बदलाव किया गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
आयोग के सूत्रों के अनुसार रविवार की दोपहर तक 15 लाख 50 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) की प्रक्रिया पूरी कर ली। आवेदन पत्र में संशोधन और शुल्क समाधान की अंतिम तिथि आठ मई है। शनिवार शाम तक 14 लाख 88 हजार अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया था।
विज्ञापन
आयोग ने प्राथमिक स्तर (कक्षा एक से पांच) और उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा छह से आठ) के लिए परीक्षा का विज्ञापन 20 मार्च को जारी किया था। ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया 27 मार्च से शुरू हुई थी। अभ्यर्थियों को निर्देश दिया गया है कि ओटीआर करने के बाद ही आवेदन करें। उप सचिव संजय कुमार सिंह के अनुसार, ओटीआर में सर्वर संबंधी समस्याओं को देखते हुए आवेदन, शुल्क जमा करने और संशोधन की तिथियों में बदलाव किया गया था।
विज्ञापन