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यूपी बोर्ड के सेंटरों पर ही होगी मदरसों की परीक्षा
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Wed, 06 Apr 2016 02:02 AM IST
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मदरसा बोर्ड की परीक्षा को नकल विहीन संपन्न कराने के लिए बोर्ड द्वारा तय सेंटरों पर ही परीक्षा कराई जाएगी। हाईकोर्ट ने इस मामले में दाखिल विशेष अपील भी खारिज कर दी है। विशेष अपील में एकलपीठ के आदेश को चुनौती दी गई थी। अपील में दलील दी गई कि मदरसों में पढ़ने वाली पर्दानशीन महिलाओं को दूर दराज के सेंटर में जाकर परीक्षा देने में परेशानी होगी। जस्टिस वीके शुक्ला और जस्टिस वीके बिड़ला की खंडपीठ ने इसे खारिज करते हुए कहा कि सेंटरों पर परीक्षा कराने का निर्णय मदरसा बोर्ड द्वारा लिया गया है। केंद्र का निर्धारण करने में कोई कानूनी खामी नजर नहीं आती है।
आफरीन और छह अन्य ने एक अप्रैल को एकल न्यायपीठ द्वारा पारित आदेश को विशेष अपील में चुनौती दी थी। एकल न्यायपीठ ने इसी आधार पर याचिका खारिज कर दी थी। राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता कमरूल हसन सिद्दीकी ने और सीएससी रमेश उपाध्याय ने पक्ष रखते हुए बताया कि प्रदेश के 2628 मदरसों में चार लाख 23 हजार 591 छात्र पंजीकृत हैं। परीक्षा को नकल विहीन कराने के इरादे से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट कालेजों को सेंटर बनाया गया है। इस बात का विशेष ध्यान रखा गया है कि छात्राओं के सेंटर पर कक्ष निरीक्षक महिलाएं ही हों। सरकारी वकीलों ने बताया कि अरबी और फारसी की परीक्षा 11 अप्रैल से प्रारंभ हो रही है। विशेष अपील में कहा गया कि मुस्लिम लड़कियां पर्दा करती हैं इसलिए उनको दूर दराज के सेंटरों पर परीक्षा के लिए भेजना उचित नहीं है।
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आफरीन और छह अन्य ने एक अप्रैल को एकल न्यायपीठ द्वारा पारित आदेश को विशेष अपील में चुनौती दी थी। एकल न्यायपीठ ने इसी आधार पर याचिका खारिज कर दी थी। राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता कमरूल हसन सिद्दीकी ने और सीएससी रमेश उपाध्याय ने पक्ष रखते हुए बताया कि प्रदेश के 2628 मदरसों में चार लाख 23 हजार 591 छात्र पंजीकृत हैं। परीक्षा को नकल विहीन कराने के इरादे से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट कालेजों को सेंटर बनाया गया है। इस बात का विशेष ध्यान रखा गया है कि छात्राओं के सेंटर पर कक्ष निरीक्षक महिलाएं ही हों। सरकारी वकीलों ने बताया कि अरबी और फारसी की परीक्षा 11 अप्रैल से प्रारंभ हो रही है। विशेष अपील में कहा गया कि मुस्लिम लड़कियां पर्दा करती हैं इसलिए उनको दूर दराज के सेंटरों पर परीक्षा के लिए भेजना उचित नहीं है।
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