उमेश पाल हत्याकांड : अतीक के नाबालिग बेटे ने बनाई थी छह फेसटाइम आईडी, सौलत से पूछताछ में खुलासा
साजिश रचे जाने से लेकर उमेश पाल हत्याकांड को अंजाम दिए जाने तक अतीक-अशरफ व अन्य साजिशकर्ताओं व शूटरों के बीच आईफोन के जरिए बातचीत हुई थी। इनमें से अब तक दो आईफोन पुलिस बरामद कर चुकी है जिनमें से एक मुख्य शूटर असद और दूसरा खान सौलत हनीफ का है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उमेश पाल हत्याकांड में जो 10 आईफोन इस्तेमाल किए गए, उनमें से छह की फेसटाइम आईडी अतीक अहमद के नाबालिग बेटे ने बनाई थी। उसने ही अतीक की bade006, अशरफ की chote007 व अन्य की अलग-अलग नामों से फेसटाइम आईडी तैयार की थी। यह खुलासा खान सौलत हनीफ ने किया है। पुलिस अब इन बातों की तस्दीक करने में लगी हुई है।
साजिश रचे जाने से लेकर उमेश पाल हत्याकांड को अंजाम दिए जाने तक अतीक-अशरफ व अन्य साजिशकर्ताओं व शूटरों के बीच आईफोन के जरिए बातचीत हुई थी। इनमें से अब तक दो आईफोन पुलिस बरामद कर चुकी है जिनमें से एक मुख्य शूटर असद और दूसरा खान सौलत हनीफ का है। दो दिन पहले दोबारा कस्टडी रिमांड पर लिए जाने के दौरान सौलत ने एक और चौंकाने वाला खुलासा किया है।
पुलिस को बताया है कि उमेशपाल की हत्या के लिए 10 आईफोन खरीदे गए थे जिनका इस्तेमाल अतीक-अशरफ समेत अन्य लोगों ने किया। इन्हीं में से एक आईफोन उसे असद ने दिया था। अहम बात यह है कि इन सभी आईफोन की फेसटाइम आईडी अतीक के नाबालिग बेटे ने बनाई थी। उसने अपनी फेसटाइम आईडी thakur008 के नाम से बनाई थी।
इस आईडी के जरिए शाइस्ता अतीक-अशरफ व अन्य लोगों से बात करती थी। यही नहीं advo10 नाम से खुद उसकी आईडी भी अतीक के नाबालिग बेटे ने ही बनाई थी। सौलत ने बताया है कि अतीक के नाबालिग बेटे ने छह फेसटाइम आईडी बनाई थी। इनमें से पांच का इस्तेमाल उसके परिवार वाले व वह जबकि एक का इस्तेमाल गुलाम करता था।
पुलिस कर सकती है पूछताछ
अतीक के नाबालिग बेटे के बारे में जो भी जानकारी सामने आई है, पुलिस उनकी तस्दीक करने में लगी है। तस्दीक होने के बाद पुलिस उससे पूछताछ कर सकती है। फिलहाल वह बालगृह में आवासित है। ऐसे में उससे पूछताछ के लिए पुलिस को सक्षम प्राधिकारी से अनुमति लेनी होगी। सूत्रों का कहना है कि फिलहाल अभी अर्जी नहीं दी गई है।