प्रयागराज : गंगा रेल पुल पर 24 में से 20 गर्डर लगाने का काम हुआ पूरा, 650 टन वजन का है गर्डर
पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल द्वारा प्रयागराज-बनारस रेलमार्ग दोहरीकरण का कार्य के तहत ही इस पुल का निर्माण बीते दो वर्ष से चल रहा है। डेढ़ वर्ष पूर्व यानी जून 2022 में ही गंगा पुल पर झूंसी साइड पहला गर्डर रखा गया था। यहां 25 पिलर पर कुल 24 गर्डर लगाए जाने हैं।
विस्तार
दारागंज को झूंसी से जोड़ने के लिए बनाए जा रहे रेल ब्रिज में 24 में से 20 गर्डर लगाए जाने का काम शुक्रवार को पूरा हो गया। अब इस पुल पर चार गर्डर लगाने का ही काम रह गया है। यह कार्य जनवरी 24 तक पूरा होने की बात कार्यदायी संस्था रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) के अफसरों ने कही है। इसके बाद परेड और झूंसी साइड मुख्य लाइन से पुल को जोड़ने का कार्य चलेगा।
पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल द्वारा प्रयागराज-बनारस रेलमार्ग दोहरीकरण का कार्य के तहत ही इस पुल का निर्माण बीते दो वर्ष से चल रहा है। डेढ़ वर्ष पूर्व यानी जून 2022 में ही गंगा पुल पर झूंसी साइड पहला गर्डर रखा गया था। यहां 25 पिलर पर कुल 24 गर्डर लगाए जाने हैं। वर्तमान समय झूंसी की ओर से 19 एवं दारागंज साइड में एक गर्डर लगा दिया गया है। तकरीबन 500 करोड़ की लागत से बन रहे इस पुल के निर्माण के बाद प्रयागराज से बनारस के बीच ट्रेनों की स्पीड बढ़ जाएगी। साथ ही वहां पहुंचने में भी कम वक्त लगेगा।
आरवीएनएल के महाप्रबंधक वीके श्रीवास्तव ने बताया कि एक पिलर से दूसरे पिलर को जोड़ने के लिए लगाए जा रहे गर्डर का कुल वजन 650 टन है। वर्तमान समय एक गर्डर लगाने में अधिकतम 20 दिन का समय लग रह है। जनवरी 24 के अंत तक बचे हुए सभी गर्डर लगा दिए जाएंगे। बता दें कि दिवाली तक पुल पर 19 गर्डर लगा दिए गए थे।