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शिक्षकों, कर्मियों पर सख्ती मंत्री, विधायकों को दी छूट

Fri, 04 Aug 2017 02:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Fri, 04 Aug 2017 02:12 AM IST
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The teachers, employees, strictly, the exemption granted to the legislators
डेमो - फोटो : demo pic
शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए आए दिन नए-नए आदेश जारी होने से भड़के उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (ठकुराई गुट ) ने प्रदेश सरकार पर हमला बोला है। बृहस्पतिवार को जिला कार्यकारिणी की बैठक में कहा गया कि सरकार आदेश जारी कर अनुशासन का पाठ पढ़ा रही है, किंतु साढ़े चार माह में कई अल्टीमेटम देने के बावजूद अपनी ही सरकार के मंत्रियों और विधायकों से उनकी संपत्ति का ब्योरा नहीं ले सकी। सरकार सरकारी कार्यालयों और विद्यालयों में बायोमेट्रिक उपस्थिति, सीसीटीवी कैमरा और 50 वर्ष से ऊपर के कर्मचारियों के अनिवार्य सेवानिवृत्ति की समीक्षा करा रही है, लेकिन शिक्षकों एवं कर्मचारियों की लंबित समस्याओं पर न चर्चा हो रही है और न ही समाधान किया जा रहा।
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बैठक में प्रदेश महामंत्री लालमणि द्विवेदी ने कहा कि बसपा एवं सपा और अब भाजपा की सरकार ने भी पुरानी पेंशन योजना को बहाल करने की मांग पर कोई विचार तक नहीं किया, लेकिन 12 सालों में नई पेंशन योजना का क्रियान्वयन भी नहीं कराया। कहा कि सरकार का अपने अधिकारियों पर अब भी कोई नियंत्रण नहीं है। स्पष्ट आदेश होने के बावजूद एनपीएस में शिक्षकों के वेतन में कटौती तो हो रही है, लेकिन एनएसडीए भेजकर उसे निवेशित नहीं कराया जा रहा। इससे शिक्षकों को भारी नुकसान हो रहा है। सात मई को सचिवालय में सरकार और संगठन के बीच हुई वार्ता में उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने नई पेंशन योजना को अगले 20 दिनों में पूरी तरह क्रियान्वित कराने का वादा किया था। इसके लिए वार्ता के दौरान ही नोडल अधिकारी भी नियुक्त कर दिया गया था लेकिन तीन माह बाद भी कोई काम नहीं हुआ।
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उन्होंने कहा कि शिक्षकों के चयन एवं प्रोन्नत वेतनमान पर वेतन निर्धारण के संबंध में वित्त नियंत्रक से छह माह पूर्व मांगे गए मार्गदर्शन पर शासन ने कोई जवाब नहीं दिया। इसकी वजह से एक जनवरी 2016 से देय शिक्षकों को चयन एवं प्रोन्नत वेतनमान नहीं मिल पा रहा। इसके बाद जिला कार्यकारिणी ने 20 अगस्त तक एनपीए का क्रियान्वयन करने के लिए डीआईओएस को नोटिस दिया। साथ ही 31 अगस्त को डीआईओेएस कार्यालय धरना देने का निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष डॉ.सुनील कुमार शुक्ला तथा संचालन मंत्री डॉ.देवीशरण त्रिपाठी ने की। इसमें मुहर्रम अली, डॉ.अरुण कुमार चौबे, महेंद्र जैन, राकेश शुक्ल, वीरेंद्र सिंह, शैलेश श्रीवास्तव आदि मौजूद थे।
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बीएड टीईटी उच्च प्राथमिक बेरोजगार संघ के तत्वावधान में भाषा एवं सामाजिक विषयों की भर्ती की मांग को लेकर 20 अगस्त से शिक्षा निदेशालय पर आमरण अनशन शुरू होगा। संघ उच्च प्राथमिक विद्यालय में गणित, विज्ञान की भांति सामाजिक विषय, भाषा के लिए समान भर्ती को लागू करने, राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद से जारी अधिसूचना का अनुपालन कराते हुए उच्च प्राथमिक , शासकीय, अशासकीय, सहायता प्राप्त विद्यालयों में न्यूनतम योग्यता लागू करने, परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों की पदोन्नति के लिए न्यूनतम योग्यता लागू करने आदि की मांग कर रहा है। प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव के नेतृत्व में होने वाले अनशन के लिए संरक्षक अनिल सिंह, हरेंद्र, उदय विश्वकर्मा, रवि पांडेय, सत्येंद्र आदि ने बेरोजगारों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की है।
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