{"_id":"1888f0f7eac8616be780ce4ae6ac5647","slug":"the-narrowness-of-the-sacrifice-required-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"संकीर्णता का त्याग जरूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संकीर्णता का त्याग जरूरी
ब्यूरो/अमर उजाला इलाहाबाद
Updated Sat, 16 May 2015 02:13 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इलाहाबाद। मानव उत्थान सेवा समिति की ओर से रामलीला ग्राउंड बाघम्बरी
विज्ञापन
क्षेत्र अल्लापुर में शुक्रवार को सद्भावना सम्मेलन का आयोजन हुआ। जिसमें
वक्ताओं ने संकीर्णता के त्याग की बात कही।
विभु महाराज ने अपने संबोधन में कहा कि जब तक अंतरात्मा से लोग निर्मल नहीं होंगे तब तक तरक्की संभव नहीं है। इस मौके पर महात्मा रामबलियानंद आदि मौजूद रहे।
विभु महाराज ने अपने संबोधन में कहा कि जब तक अंतरात्मा से लोग निर्मल नहीं होंगे तब तक तरक्की संभव नहीं है। इस मौके पर महात्मा रामबलियानंद आदि मौजूद रहे।