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शिकंजा: बाहुबली विधायक विजय मिश्र की जमानत निरस्त कराएगी सरकार
Thu, 24 Jun 2021 09:53 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 24 Jun 2021 09:53 PM IST
सार
- राज्य सरकार की अर्जी पर हाईकोर्ट ने विधायक को जारी किया नोटिस
- कैबिनेट मंत्री नंदी पर रिमोट बम से हमले का मामला
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विधायक विजय मिश्र
- फोटो : facebook
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विस्तार
राज्य सरकार ने कैबिनेट मंत्री नंदगोपाल गुप्ता नंदी पर दशक भर पहले रिमोट बम से हुए जानलेवा हमले के मामले में आरोपी ज्ञानपुर के विधायक विजय मिश्र की जमानत निरस्त करने के लिए अर्जी दाखिल की है। कोर्ट ने विधायक विजय को नोटिस जारी करते हुए उनसे अर्जी पर जवाब मांगा है और सुनवाई के लिए 26 अगस्त की तारीख लगाई है।
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यह आदेश न्यायमूर्ति ओमप्रकाश ने बृहस्पतिवार को अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल और अपर शासकीय अधिवक्ता आशुतोष कुमार संड को सुनकर दिया है। जमानत निरस्त करने की अर्जी में कहा गया है कि 12 जुलाई 2010 को कैबिनेट मंत्री नंदगोपाल गुप्ता नंदी पर प्रयागराज के कोतवाली थानाक्षेत्र स्थित आवास के पास रिमोट बम से जानलेवा हमला किया गया था। हमले में पत्रकार विजय प्रताप सिंह व मंत्री के निजी गार्ड की जान चली गईं थी और मंत्री नंदी को गंभीर जानलेवा चोटें आई थीं। विधायक विजय मिश्र उस मामले में आरोपी है। उस मामले और गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में विजय मिश्र की हाईकोर्ट से जमानत मंजूर हुई थी। कहा गया है कि घटना के समय भी विधायक का कई मामलों का आपराधिक इतिहास था, जो अब भी है।
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जबकि जमानत मंजूर किए जाने के आदेश में किसी भी अपराध या आपराधिक घटना में शामिल नहीं होने की शर्त भी थी। कहा गया कि मंत्री पर रिमोट बम से हमले व गैंगस्टर एक्ट में जमानत मंजूर होने के बाद विधायक पर रेप जैसे गंभीर अपराध के मुकदमे दर्ज हुए हैं। ऐसी स्थिति में उनकी जमानत निरस्त की जाए। गौरतलब है कि सरकार इस मामले के आरोपी चाका के पूर्व ब्लाक प्रमुख दिलीप मिश्र की जमानत निरस्त करने की अर्जी पहले ही दाखिल कर चुकी है।
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