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प्रयागराज में आर्थिक तंगी से जूझ रहे दुकानदार ने फांसी लगाई
Sat, 28 Nov 2020 09:07 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Sat, 28 Nov 2020 09:07 PM IST
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prayagraj news : इरशाद उल्लाह (फाइल फोटो)
- फोटो : prayagraj
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शाहगंज में खिलौने वाली गली में रहने वाले मोबाइल दुकानदार इरशादुल्ला ने शनिवार को फांसी लगाकर जान दे दी। कोरोना काल में वह आर्थिक रूप से टूट गया था। इसी कारण उसने कई लोगों से सूद पर रुपये भी ले लिए थे। कर्ज के कारण वह पिछले दिनों से अवसाद में था।
इरशाद (32) की मोबाइल की दुकान थी। पहले उसने लक्ष्मण मार्केट में दुकान किराए पर ली थी। वहां किराया ज्यादा होने के कारण उसने जानसेनगंज में छोटी सी दुकान खोली, लेकिन कोरोना काल में उसे बहुत घाटा हो गया था। इसी दौरान उसने कई लोगों से सूद पर रुपये भी ले लिए थे। ब्याज चुकाते-चुकाते उसे और उधार लेना पड़ा। पिछले चार-पांच दिनों से वह बहुत परेशान था।
अवसाद की अवस्था में देखकर उसकी पत्नी ने पूछा, लेकिन उसने कुछ नहीं बताया था। संभवत: उधार देने वाले उसे परेशान कर रहे थे। शनिवार को इरशाद ने फांसी लगा ली। पत्नी ने देखा तो घबराकर चीखने चिल्लाने लगी। मोहल्ले वाले इकट्ठा हुए। पुलिस को सूचना दी गई। इरशाद घर का इकलौता बेटा था। साल भर पहले ही उसकी शादी हुई थी। पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल था।
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इरशाद (32) की मोबाइल की दुकान थी। पहले उसने लक्ष्मण मार्केट में दुकान किराए पर ली थी। वहां किराया ज्यादा होने के कारण उसने जानसेनगंज में छोटी सी दुकान खोली, लेकिन कोरोना काल में उसे बहुत घाटा हो गया था। इसी दौरान उसने कई लोगों से सूद पर रुपये भी ले लिए थे। ब्याज चुकाते-चुकाते उसे और उधार लेना पड़ा। पिछले चार-पांच दिनों से वह बहुत परेशान था।
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अवसाद की अवस्था में देखकर उसकी पत्नी ने पूछा, लेकिन उसने कुछ नहीं बताया था। संभवत: उधार देने वाले उसे परेशान कर रहे थे। शनिवार को इरशाद ने फांसी लगा ली। पत्नी ने देखा तो घबराकर चीखने चिल्लाने लगी। मोहल्ले वाले इकट्ठा हुए। पुलिस को सूचना दी गई। इरशाद घर का इकलौता बेटा था। साल भर पहले ही उसकी शादी हुई थी। पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल था।
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