Raksha Bandhan 2020: भक्ति और देशप्रेम के धागों से सजेंगी भाइयों की कलाइयां
- मुहूर्त
- सुबह 7:19 बजे से श्रवण नक्षत्र आरंभ हो जाएगा।
- भद्राकाल की समाप्ति सुबह 9:26 बजे होगी।
- सुबह 9:27 से सूर्यस्त तक आयुष्मान और प्रीति योग में रक्षाबंधन
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विस्तार
आयुष्मान योग में सोमवार को भाइयों की कलाई पर इस बार एक से बढ़कर एक नेह की डोर बंधेगी। इसमें रामलला का भूमि पूजन भी होगा और सेना का शौैर्य भी। म्यूजिकल राखियों में जय श्रीराम, राफेल लड़ाकू विमान और मेरा रंग दे बसंती चोला... गीत पर आधारित तिरंगे वाली देश प्रेम से ओतप्रोत राखियां इस बार के रक्षाबंधन में चार चांद लगाएंगी। हालांकि ज्योतिषियों के अनुसार इस रक्षबंधन पर गुरु और शनि वक्री रहेंगे, ऐसे में मोती और काले धागे वाली राखियों को भाइयों की कलाई पर बांधने से परहेज करें तो बेहतर होगा।
एक दिन के लिए बाजार खुलते ही राखियों की एक से बढ़कर एक डिजाइन छा गई। खासतौर से म्यूजिकल राखियां इस रक्षाबंधन को चटख बनाएंगी। भाइयों की कलाई पर इस बार रामलला के भूमि पूजन पर आधारित ‘जय श्रीराम’ राखी, आवाज के साथ राफेल लड़ाकू विमान, जयहिंद, कारगिल विजय समेत एक से एक राखियां रक्षाबंधन की शोभा बनेंगी।
चौक के थोक राखी कारोबारी कादिर भाई बताते हैं कि इस बार अयोध्या और डोकलाम विवाद राखियों में छाया हुआ है। जयश्री राम, रामलला हम आएंगे ... व राजा रामचंद्र की जय.. का लाइट के साथ संगीतमय उद्घोष करने वाली राखियां सबसे अधिक पसंद की गईं। इसके बाद राफेल, जयहिंद और देश प्रेम पर आधारित अन्य राखियों की मांग रही। बच्चों ने मोटू-पतलू व डोरेमान वाली राखियां भी खूब खरीदीं।
हालांकि कोरोना संक्रमण की वजह से इस बार राखी के पर्व का रंग फीका जरूर हुआ है, लेकिन बहनें अपने भाइयों की कलाइयां देश प्रेम और भक्तिभाव के रंगों वाली राखियों से सजाने के लिए तैयार हैं।