प्रधानाचार्य भर्ती : चयन से ज्यादा समय नियुक्ति के इंतजार में बीता, पीसीएस-2021 में 243 पदों हुआ था चयन
पीसीएस 2021 में प्रधानाचार्य राजकीय इंटर कॉलेज के 293 पदों के मुकाबले 243 पदों पर अभ्यर्थी चयनित घोषित किए गए थे। परीक्षा परिणाम 19 अक्तूबर 2022 को घोषित किया गया था।
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सम्मिलित राज्य/प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा-2021 की चयन प्रक्रिया जितने समय में पूरी हुई, उससे अधिक समय से इस परीक्षा के माध्यम से प्रधानाचार्य राजकीय इंटर कॉलेज के पदों पर चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति का इंतजार है। यहां तक कि इसके बाद जारी हुए पीसीएस-2022 के परिणाम में चयनित अभ्यर्थियों को भी नियुक्ति मिल चुकी है।
पीसीएस 2021 में प्रधानाचार्य राजकीय इंटर कॉलेज के 293 पदों के मुकाबले 243 पदों पर अभ्यर्थी चयनित घोषित किए गए थे। परीक्षा परिणाम 19 अक्तूबर 2022 को घोषित किया गया था। सालभर पूरे होने वाले हैं और प्रधानाचार्य पद पर चयनित अभ्यर्थियों को अब तक नियुक्ति का इंतजार है, जबकि 219 चयनितों की नियुक्ति से संबंधित सभी प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है, लेकिन अभी तक नियुक्ति पत्र नहीं दिया गया।
पीसीएस-2022 का चयन परिणाम सात अप्रैल 2023 को घोषित किया गया था और इसमें चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति भी मिल गई। अभ्यर्थियों का कहना है कि राजकीय इंटर कॉलेज में प्रधानाचार्य पद पर नियुक्ति के लिए अभ्यर्थियों का चिकित्सीय परीक्षण 30 मई 2023 से आठ जून 2023 के बीच हो चुका है। पुलिस सत्यापन और ओपन काउंसलिंग की प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई है। इसके बावजूद चयनितों को एक साल से नियुक्ति का इंतजार है।
प्रतियोगी छात्र संघर्ष समिति के मीडिया प्रभारी प्रशांत पांडेय का कहना है कि सरकार के इस असंवेदनशील रवैये से अभ्यर्थी परेशान हैं। जितना समय चयन प्रक्रिया पूर्ण करने में नहीं लगा, उससे अधिक समय नियुक्ति पत्र देने में लगाया जा रहा है, जबकि प्रदेश में शिक्षा सेवा संवर्ग के अधिकारियों की कमी है। संघर्ष समिति ने सरकार से मांग की है कि पीसीएस 2021 के चयनित सभी अभ्यर्थियों को अविलंब नियुक्ति दी जाए।