Prayagraj : संगम पर दिखेगा मुंबई की चौपाटी का नजारा, मिलेंगी हाइजेनिक खाने पीने की वस्तुएं
त्रिवेणी परदेश ही नहीं विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्घालु और पर्यटक अपने पूर्वजों के कल्याण की कामना करने आते हैं। लेकिन खाने पीने समेत अन्य सुविधाएं न मिलने के कारण उनको परेशान होना पड़ता है। प्रयागराज मेला प्राधिकरण अब संगम पर श्रद्धालुओं को फूड कोर्ट के अलावा कई सुविधाएं देने की तैयारी में जुट गया है।
विस्तार
देश विदेश से संगम आने वाले श्रद्धालुओं के लिए जल्द ही खाने-पीने के साथ ही अन्य सुविधाएं मिलने जा रही हैं। मेला प्राधिकरण ने इसके लिए तैयारी शुरू कर दी है। प्राधिकरण संगम को मुंबई की जुहू चौपाटी की तर्ज पर संवारेगा, ताकि वहां पहुंचने वाले लोगों को अलग तरह की अनुभूति हो।
त्रिवेणी परदेश ही नहीं विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्घालु और पर्यटक अपने पूर्वजों के कल्याण की कामना करने आते हैं। लेकिन खाने पीने समेत अन्य सुविधाएं न मिलने के कारण उनको परेशान होना पड़ता है। प्रयागराज मेला प्राधिकरण अब संगम पर श्रद्धालुओं को फूड कोर्ट के अलावा कई सुविधाएं देने की तैयारी में जुट गया है। प्राधिकरण की ओर से बनवाए जाने वाले फूड कोर्ट में ब्रांडेड कंपनियों के साथ ही प्रयागराज के स्थानीय प्रसिद्ध दुकानों के भी स्टाल लगाए जाएंगे ताकि श्रद्धालुओं को हाइजेनिक खाने पीने की वस्तुओं के साथ ही स्थानीय स्तर की दुकानों के व्यंजनों का स्वाद मिल सके।
इसके साथ ही प्राधिकरण संगम पर श्रद्धालुओं केसाथ आने वाले बच्चों के मनोरंजन के लिए फनजोन तैयार कराएगा। इसमें बच्चों के लिए झूले समेत अन्य खेलने और मनोरंजन के साधनों की व्यवस्था होगी। संगम पर श्रद्धालुओं के बैठने के अलावा शौचालय की भी सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। पीडीए के उपाध्यक्ष अरविंद कुमार चौहान ने बताया कि संगम पर सुविधाएं बढ़ाए जाने के लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
नौका विहार के लिए घर बैठे बुक कर सकेंगे टिकट
संगम पर नौका विहार को बढ़ावा देने के लिए प्रयागराज मेला प्राधिकरण की ओर से नई वेबसाइट तैयार करायी जा रही है। इससे नाव की बुकिंग श्रद्धालु ऑनलाइन घर बैठे कर सकेंगे। वेबसाइट पर नाव और नाविक की पूरी सूचना उपलब्ध होगी। साथ ही नाव का साइज और उस पर बैठने वालों की संख्या भी निर्धारित रहेगी। नावों के प्रबंधन के लिए भी मेला प्राधिकरण विशेष व्यवस्था करेगा, ताकि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की दिक्कत न हो