प्रयागराज : अतीक के घर पहुंची पुलिस, गायब मिला बेटा, इनाम घोषित करने की तैयारी
ऐनुद्दीनपुर निवासी जीशान उर्फ जानू ने अतीक के बेटे अली समेत नौ को नामजद करते हुए 15 अज्ञात के खिलाफ हत्या का प्रयास, रंगदारी समेत अन्य धाराओें में केस दर्ज कराया है। उसके मुताबिक, 31 दिसंबर को उसके प्लॉट पर पहुंचकर आरोपियों ने उसे मारा पीटा और पांच करोड़ की रंगदारी मांगी।
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करेली में पांच करोड़ की रंगदारी न देने पर हमले के मामले में रविवार को पुलिस ने अतीक अहमद के घर दबिश दी। वहां उसका बेटा अली नदारद मिला। परिजन भी पूछताछ में उसके बारे में कोई जानकारी नहीं दे पाए। उधर तलाश में लगी अन्य टीमों ने नामजद कराए गए अन्य आरोपियों के घरों पर दबिश दी। लेकिन किसी का कुछ पता नहीं चला।
ऐनुद्दीनपुर निवासी जीशान उर्फ जानू ने अतीक के बेटे अली समेत नौ को नामजद करते हुए 15 अज्ञात के खिलाफ हत्या का प्रयास, रंगदारी समेत अन्य धाराओें में केस दर्ज कराया है। उसके मुताबिक, 31 दिसंबर को उसके प्लॉट पर पहुंचकर आरोपियों ने उसे मारा पीटा और पांच करोड़ की रंगदारी मांगी।
मामले में मौके से पकड़े गए सैफ और फहद को जेल भेजा जा चुका है। लेकिन अली समेत अन्य फरार चल रहे हैं। अली की तलाश में पुलिस टीम ने उसके घर पर दबिश दी। लेकिन वह नहीं मिला। परिजनों ने उसके बारे में कोई भी जानकारी होने की बात से इंकार किया। उधर तलाश में लगी टीमों ने अन्य आरोपियों के घरों पर दबिश दी। सीओ कोतवाली सत्येंद्र प्रसाद तिवारी ने बताया कि आरोपियों की तलाश की जा रही है।
छोटा बेटा भी जल्द होगा इनामी
सूत्रों का कहना है कि अतीक का छोटा बेटा भी जल्द इनामी घोषित होगा। उसकी तलाश में जुटी पुलिस उस पर इनाम घोषित कराने की तैयारी में है। गौरतलब है कि अतीक का बड़ा बेटा उमर दो लाख का इनामी है जिसकी तलाश में सीबीआई जुटी हुई है। वह तीन साल से फरार है।
अतीक नहीं, एफआईआर में लिखा अली अब्बा
इस प्रकरण में एक खास बात यह है कि पुलिस ने जो एफआईआर दर्ज की है, उसमें अतीक का नाम नहीं है। इसकी जगह अली अब्बा नाम से अज्ञात पते वाले शख्स को आरोपी बनाया गया है। पुलिस अफसरों का कहना है कि तहरीर में वादी ने बताया है कि अली ने अपने अब्बा से फोन पर बात कराई। उसने अतीक का नाम नहीं लिखा है। विवेचना में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की जांच पड़ताल की जाएगी।
वादी की ओर से दर्ज कराई गई एफआईआर में यह भी आरोप लगाया गया है कि हमलावरों ने जेसीबी से उसके ऑफिस को ढहा दिया। यह जेसीबी नाटे की है। हालांकि अब तक पुलिस जेसीबी भी बरामद नहीं कर सकी है। सीओ कोतवाली का कहना है कि जेसीबी का पता लगाया जा रहा है।
हस्ट्रीशीटर है वादी, फर्जी केस दर्ज कराया: एआईएमआईएम
आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुसलिमीन(एआईएमआईएम) ने आरोप लगाया है कि पार्टी के नेता अतीक अहमद, उनके बेटे अली व एक अन्य कार्यकर्ता असद पर फर्जी केस दर्ज किया गया। जिलाध्यक्ष शाहआलम ने बताया कि पार्टी का प्रतिनिधिमंडल दोनों परिवारों से मिला। जिन्होंने बताया कि जीशान खुल्दाबाद थाने का हिस्ट्रीशीटर है और उसके भाई इमरान पर भी कई केस हैं। देनों अतीक के सगे साढ़ू हैं जिनमें से इमरान भूमाफिया है।
उसने कई लोगों की करोड़ों की जमीन हड़पी है। दोनों की कई रियल इस्टेट कंपनियां भी हैं। इनमें एकरा हाइट डेवलपर प्राइवेट लिमिटेड, जई संस एंड प्राइवेट लिमिटेड, सवेरा वेलफेयर कंसट्रक्शन फर्म, एमकेएम प्राइवेट लिमिटेड, जई एंड संस हाईटेक डेवलपर प्राइवेट लिमिटेड, एमकेएम लैंड डेवलपर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और जई एंड ब्रदर्स प्राइवेट लिमिटेड शामिल हैं। पार्टी की ओर से मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की गई।