{"_id":"62d854e811db3b2abb5f080a","slug":"prayagraj-jewelry-worth-25-lakh-stolen-from-private-university-employee-s-house","type":"story","status":"publish","title_hn":"Prayagraj : निजी विवि की कर्मचारी के घर से 25 लाख के गहने चोरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Prayagraj : निजी विवि की कर्मचारी के घर से 25 लाख के गहने चोरी
Thu, 21 Jul 2022 12:48 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 21 Jul 2022 12:48 AM IST
सार
भुक्तभोगी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया है कि वह लखनऊ स्थित एमिटी विश्वविद्यालय में कार्यरत हैं। कार्यदिवसों में वह लखनऊ में ही रहती हैं। उन्होंने बताया कि वह अपने गहने मिंटो रोड स्थित आवास में ही रखती थीं।
विज्ञापन
चोरी
- फोटो : Social Media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सिविल लाइंस में मिंटो रोड पर रहने वाली एमिटी यूनिवर्सिटी कर्मचारी ऋचा के घर से 25 लाख के गहने चोरी कर लिए गए। इसकी जानकारी उन्हें तब हुई जब उन्होंने पिछले दिनों गहनों की जरूरत हुई। आशंका है कि सूने घर से किसी ने गहने उड़ाए हैं। फिलहाल तहरीर के आधार पर पुलिस ने अज्ञात में केस दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन
भुक्तभोगी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया है कि वह लखनऊ स्थित एमिटी विश्वविद्यालय में कार्यरत हैं। कार्यदिवसों में वह लखनऊ में ही रहती हैं। उन्होंने बताया कि वह अपने गहने मिंटो रोड स्थित आवास में ही रखती थीं। मार्च में उन्होंने आखिरी बार गहने पहने और फिर उसे पाउच में भरकर आलमारी में रख दिए। जून में जरूरत पर उन्होंने आलमारी खोली तो गहने नहीं मिले।
विज्ञापन
इसमें डायमंड नेकलेस, सोने की तीन चेन, बूंदे, अंगूठी समेत अन्य कीमती गहने शामिल थे। जिनका कुल मूल्य लगभग 25 लाख रुपये है। उस समय उन्होंने सोचा कि शायद वह खुद गहने कहीं रखकर भूल गई हैं। लेकिन बहुत खोजबीन के बाद भी जब गहने नहीं मिले तो उन्हें चोरी की जानकारी हुई। इसके बाद उन्होंने शिकायत सिविल लाइंस थाने में की जिस पर अज्ञात में केस दर्ज कर लिया गया। हालांकि जिस थार्नहिल रोड क्षेत्र में यह घटना हुई, उसके चौकी प्रभारी वजीउल्ला खान घटना की जानकारी से ही इंकार करते रहे।
विज्ञापन