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नाविक की पिटाई, मल्लाहों ने की हड़ताल
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Prayagraj Flood
- फोटो : CITY DESK
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बाढ़ राहत के दौरान गंगानगर में नाविक की पिटाई से भड़के, पत्रकार कॉलोनी में नावें खड़ी कर नारेबाजी
पुलिस के हस्तक्षेप के बाद नरम पड़ा मामला, हमलावरों पर कार्रवाई की मांग
प्रयागराज। बाढ़ में घिरे लोगों को निकालने के लिए लगाई गई नाव के एक संचालक की पिटाई के बाद शनिवार को मल्लाहों ने नावें खड़ी कर दीं और नारेबाजी करने लगे। बाढ़ राहत कंट्रोल रूम को जानकारी मिलने पर अफसरों ने नाविकों को समझाने की कोशिश की, लेकिन वह नाविक की पिटाई करने वाले पर कार्रवाई की मांग पर अड़े थे। पुलिस की ओर से दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई के आश्वासन पर किसी तरह उनका गुस्सा शांत हुआ।
आरोप है कि गंगा किनारे की बाढ़ग्रस्त गंगा नगर कॉलोनी में वकील व पुलिस के जवान ने नाव चलाने वाले दीपचंद्र साहनी की पिटाई कर दी। दीपचंद ने बताया कि हनुमान मंदिर के पास सवारियों से भरी नाव लेकर जब वह पहुंचा, तब कुछ लोग अकारण उसकी पिटाई करने लगे। उसका कहना था कि सुबह से ही राहत केंद्र से 10 नंबर गली में पहुंचने के लिए फोन आ रहा था। वहां नाव लेकर जाने में हुई देरी के कारण कुछलोग नाराज थे। दीपचंद्र ने जब इस बात की जानकारी अपने अन्य साथियों व नाविक संघ के पदाधिकारियों को दी तो उनका गुस्सा भड़क गया। मल्लाहों का कहना था कि बाढ़ राहत के नाम पर सुबह से शाम तक पसीना बहाने के बाद अगर उनकेसाथ इस तरह ज्यादती की जाएगी और अपमानित किया जाएगा तो नाव नहीं चला सकते। दोपहर करीब दो बड़े नाविकों ने हड़ताल कर दी और बाढ़ राहत कार्य में लगाई गई 24 नावें पत्रकार कॉलोनी के पास खड़ी कर नारेबाजी करने लगे। जानकारी मिलने के बाद पहुंची पुलिस ने नाविकों से वार्ता की और समझाने की कोशिश की। इसके बाद कार्रवाई के आश्वासन पर शाम को नावों का संचालन शुरू कराया जा सका।
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पुलिस के हस्तक्षेप के बाद नरम पड़ा मामला, हमलावरों पर कार्रवाई की मांग
प्रयागराज। बाढ़ में घिरे लोगों को निकालने के लिए लगाई गई नाव के एक संचालक की पिटाई के बाद शनिवार को मल्लाहों ने नावें खड़ी कर दीं और नारेबाजी करने लगे। बाढ़ राहत कंट्रोल रूम को जानकारी मिलने पर अफसरों ने नाविकों को समझाने की कोशिश की, लेकिन वह नाविक की पिटाई करने वाले पर कार्रवाई की मांग पर अड़े थे। पुलिस की ओर से दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई के आश्वासन पर किसी तरह उनका गुस्सा शांत हुआ।
आरोप है कि गंगा किनारे की बाढ़ग्रस्त गंगा नगर कॉलोनी में वकील व पुलिस के जवान ने नाव चलाने वाले दीपचंद्र साहनी की पिटाई कर दी। दीपचंद ने बताया कि हनुमान मंदिर के पास सवारियों से भरी नाव लेकर जब वह पहुंचा, तब कुछ लोग अकारण उसकी पिटाई करने लगे। उसका कहना था कि सुबह से ही राहत केंद्र से 10 नंबर गली में पहुंचने के लिए फोन आ रहा था। वहां नाव लेकर जाने में हुई देरी के कारण कुछलोग नाराज थे। दीपचंद्र ने जब इस बात की जानकारी अपने अन्य साथियों व नाविक संघ के पदाधिकारियों को दी तो उनका गुस्सा भड़क गया। मल्लाहों का कहना था कि बाढ़ राहत के नाम पर सुबह से शाम तक पसीना बहाने के बाद अगर उनकेसाथ इस तरह ज्यादती की जाएगी और अपमानित किया जाएगा तो नाव नहीं चला सकते। दोपहर करीब दो बड़े नाविकों ने हड़ताल कर दी और बाढ़ राहत कार्य में लगाई गई 24 नावें पत्रकार कॉलोनी के पास खड़ी कर नारेबाजी करने लगे। जानकारी मिलने के बाद पहुंची पुलिस ने नाविकों से वार्ता की और समझाने की कोशिश की। इसके बाद कार्रवाई के आश्वासन पर शाम को नावों का संचालन शुरू कराया जा सका।
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