एक स्टेशन एक प्रोडक्ट : प्रयागराज जंक्शन पर खरीदें आंवला तो अलीगढ़ में ताला
एनसीआर में इस योजना के लिए पायलट प्रोजेक्ट के तहत 15-15 दिन के लिए स्टॉलों का आवंटन किया जा रहा था। प्रयागराज जंक्शन में भी बीते दो माह के दौरान ओएसओपी को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग वेंडरों को स्टॉल लगाने की अनुमति दी गई।
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प्रतापगढ़ की पहचान बन चुके आंवले के उत्पाद अब प्रयागराज जंक्शन में स्थायी रूप से मिलेंगे। इतना ही नहीं अलीगढ़ स्टेशन पर वहां के मशहूर ताले, कानपुर में चमड़े के उत्पाद तो आगरा कैंट में संगमरमर से बने उत्पाद वर्ष भर यात्रियों को उपलब्ध होंगे। रेलवे की एक स्टेशन एक उत्पाद योजना (ओएसओपी) के तहत अगले माह से स्थायी तौर पर स्टॉल आवंटित किए जाएंगे। इसके लिए देश के कुल 750 स्टेशनों का चयन किया गया है। इसमें 37 रेलवे स्टेशन उत्तर मध्य रेलवे जोन (एनसीआर) के हैं। रेलवे द्वारा मार्च 22 में ही ओएसओपी शुरू की गई है।
एनसीआर में इस योजना के लिए पायलट प्रोजेक्ट के तहत 15-15 दिन के लिए स्टॉलों का आवंटन किया जा रहा था। प्रयागराज जंक्शन में भी बीते दो माह के दौरान ओएसओपी को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग वेंडरों को स्टॉल लगाने की अनुमति दी गई। इस दौरान यहां पेठा, रेवड़ी के साथ आंवला से बने तमाम उत्पाद अस्थायी स्टॉलों के माध्यम से बेचे गए। मूंज को बढ़ावा देने के लिए भी यहां एक स्टॉल लगा।
फिलहाल अब रेलवे बोर्ड के नए आदेश के तहत देश के 750 स्टेशनों पर स्थायी रूप से ओएसओपी को बढ़ावा देने वाले स्टॉलों को लगाए जाने की अनुमति दी गई है। संबंधित स्टेशनों की सूची रेलवे ने जारी कर दी है। इसमें प्रयागराज जंक्शन, कानपुर, आगरा, मथुरा, झांसी समेत 37 स्टेशन एनसीआर के हैं। 15-15 स्टेशन प्रयागराज और झांसी मंडल एवं सात स्टेशन आगरा मंडल के शामिल हैं।
रेलवे बोर्ड द्वारा 750 स्टेशनों की सूची जारी की गई है। इसमें 37 स्टेशन एनसीआर जोन के हैं। इन स्टेशनों में अगले माह से ओएसओपी के तहत स्थायी रूप से स्टॉल आवंटित किए जाएंगे। - डॉ. शिवम शर्मा, सीपीआरओ, एनसीआर।
स्थायी रूप से प्रमुख स्टेशनों पर मिलेंगे ये उत्पाद
स्टेशन का नाम उत्पाद
प्रयागराज जंक्शन आंवला, अमरूद एवं मूंज उत्पाद
कानपुर सेंट्रल चमड़ा उत्पाद एवं ताम्र पत्र
अलीगढ़ जंक्शन ताले एवं ब्रास उत्पाद
ग्वालियर स्टोन क्राफ्ट, टेरीकोटा और अचार
वीरांगना लक्ष्मीबाई झांसी सॉफ्ट ट्वॉय
चित्रकूट लकड़ी से निर्मित खिलौने
आगरा कैंट संगमरमर से बने उत्पाद
मथुरा जंक्शन फोटो फ्रेम और तांबे से बनी मूर्ति
मिर्जापुर कालीन
फतेहपुर पेड़ा
37 स्टेशनों के नाम, जहां आवंटित होंगे स्थायी स्टाल
प्रयागराज जंक्शन, कानपुर सेंट्रल, अलीगढ़, प्रयागराज छिवकी, इटावा, मिर्जापुर, टूंडला, फतेहपुर, फफूंद, कानपुर अनवरगंज, मानिकपुर, खुर्जा, दादरी, सूबेदारगंज, चुनार, झांसी, ग्वालियर, बांदा, मुरैना, महोबा, ललितपुर, उरई, चित्रकूट, खजुराहो, दतिया, दाबरा, मऊरानीपुर, छतरपुर, भिंड, पुखरायां, आगरा कैंट, मथुरा जंक्शन, राजा की मंडी, खेलडी, सरमथुरा, आगरा फोर्ट और कोसीकलां ।