{"_id":"62e98044664c641bfa18bf83","slug":"now-income-tax-exemption-for-donating-to-ivv-university-has-registered-under-section-80-g-allahabad-news-ald338563877","type":"story","status":"publish","title_hn":"इविवि को दान देने में अब आयकर में छूट, विश्वविद्यालय ने धारा 80-जी के तहत कराया रजिस्ट्रेशन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इविवि को दान देने में अब आयकर में छूट, विश्वविद्यालय ने धारा 80-जी के तहत कराया रजिस्ट्रेशन
विज्ञापन
Now income tax exemption for donating to IVV, university has registered under section 80-G
इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) को दान देने वालों को अब आयकर में छूट मिलेगी। इविवि प्रशासन ने आयकर की धारा 80-जी के तहत अपना पंजीकरण करा लिया है। इविवि की कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव ने विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर शिक्षकों और छात्रों को संबोधित अपने पत्र में यह जानकारी दी है। 110 साल पुराने विश्वविद्यालय के लिए यह बड़ी उपलब्धि है।
आयकर की धारा 80-जी के तहत दान की गई धनराशि का 50 फीसदी हिस्सा आयकर कटौती से मुक्त हो जाता है। दान की रकम के लिए विश्वविद्यालय में एनडाउमेंट फंड काफी पहले से है, लेकिन अब तक धारा 80-जी में पंजीकरण न कराए जाने से दानदाताओं को आयकर में कोई छूट नहीं मिलती थी। कुलपति ने अपने पत्र में दानदाताओं से कहा है कि आप विश्वविद्यालय में कई गंभीर बीमारियों पर चल रहे शोध के लिए धनराशि दान कर सकते हैं और इसके लिए आयकर में छूट मिलेगी।
इसके अलावा आप गरीब छात्रों को स्कॉलरशिप देकर उसकी मदद कर सकते हैं। इसके अलावा क्लास रूम, विभाग के इंफ्रास्ट्रक्चर, उपकरण आदि के लिए भी दान कर सकते हैं। कुलपति ने दानदाताओं को भरोसा दिलाया है कि एक कमेटी आपकी ओर से दान की गई धनराशि की पूरी निगरानी करेगी। कुलपति ने अपने पत्र के माध्यम से यह भी कहा है कि विश्वविद्यालय ने 110 वर्षों में फीस स्ट्रक्चर में कोई बदलाव नहीं किया है। विश्वविद्यालय के पास क्लास रूम और प्रयोगशालाओं को मेंटेन रखने के लिए पर्याप्त धनराशि नहीं है। ऐसे में विश्वविद्यालय को प्रति वर्ष 975 रुपये फीस बढ़ानी पड़ी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
आयकर की धारा 80-जी के तहत दान की गई धनराशि का 50 फीसदी हिस्सा आयकर कटौती से मुक्त हो जाता है। दान की रकम के लिए विश्वविद्यालय में एनडाउमेंट फंड काफी पहले से है, लेकिन अब तक धारा 80-जी में पंजीकरण न कराए जाने से दानदाताओं को आयकर में कोई छूट नहीं मिलती थी। कुलपति ने अपने पत्र में दानदाताओं से कहा है कि आप विश्वविद्यालय में कई गंभीर बीमारियों पर चल रहे शोध के लिए धनराशि दान कर सकते हैं और इसके लिए आयकर में छूट मिलेगी।
विज्ञापन
इसके अलावा आप गरीब छात्रों को स्कॉलरशिप देकर उसकी मदद कर सकते हैं। इसके अलावा क्लास रूम, विभाग के इंफ्रास्ट्रक्चर, उपकरण आदि के लिए भी दान कर सकते हैं। कुलपति ने दानदाताओं को भरोसा दिलाया है कि एक कमेटी आपकी ओर से दान की गई धनराशि की पूरी निगरानी करेगी। कुलपति ने अपने पत्र के माध्यम से यह भी कहा है कि विश्वविद्यालय ने 110 वर्षों में फीस स्ट्रक्चर में कोई बदलाव नहीं किया है। विश्वविद्यालय के पास क्लास रूम और प्रयोगशालाओं को मेंटेन रखने के लिए पर्याप्त धनराशि नहीं है। ऐसे में विश्वविद्यालय को प्रति वर्ष 975 रुपये फीस बढ़ानी पड़ी है।
विज्ञापन