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Prayagraj News: एक अप्रैल से सर्किल रेट का नया प्रारूप, प्रयागराज में लागू होने के आसार नहीं
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प्रदेश में एक अप्रैल से सर्किल रेट का एक समान प्रारूप लागू होने जा रहा है लेकिन प्रयागराज में इसे लागू करने के आसार नहीं लग रहे। जिले में साढ़े तीन माह पहले ही कई बदलावों के साथ सर्किल रेट का नया प्रारूप लागू किया गया है। हालांकि, प्रयागराज में लागू नहीं होने पर यहां और प्रदेश के अन्य जिलों के सर्किल रेट के प्रारूप में भिन्नता आ जाएगी।
महानिरीक्षक निबंधन की ओर से सभी जिलाधिकारियों को पत्र जारी कर कहा गया है कि प्रदेश के सभी उप निबंधक कार्यालयों में निर्धारित प्रारूप पर सर्किल रेट की सूची समयबद्ध रूप से लागू होनी है। इसमें मूल्यांकन दर सूची में एकरूपता और संपत्ति पंजीकरण से संबंधित प्रभार्य शुल्क की गणना आसान, सुविधाजनक और पारदर्शी हो सकेगी।
निर्धारित प्रारूप पर सर्किल रेट की सूची एक अप्रैल से लागू होगी लेकिन प्रयागराज में 15 दिसंबर 2025 को नई रेट लिस्ट लागू की गई थी। महानिरीक्षक निबंधन की ओर से जारी प्रारूप और प्रयागराज में लागू सर्किल रेट के प्रारूप में काफी अंतर है।
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नया सर्किल रेट आमतौर पर एक वर्ष बाद लागू होता है। ऐसे में प्रयागराज में केवल साढ़े तीन माह में सर्किल रेट का नया प्रारूप लागू होना मुश्किल है। निबंधन विभाग के सूत्रों का कहना है कि प्रयागराज में जो प्रारूप लागू किया गया है, उसमें भी मूल्यांकन प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए कई बदलाव किए गए हैं।
इन बदलावों के बाद लोगों को अपनी संपत्ति का मूल्यांकन करने के लिए विशेषज्ञ की भी जरूरत नहीं है। लोग घर बैठे संपत्ति का मूल्यांकन स्वयं कर सकते हैं। इससे मूल्यांकन में पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
वहीं, महानिरीक्षक निबंधन की ओर से जो प्रारूप जारी किया गया है, उसमें कुछ कमियां हैं जो मूल्यांकन प्रक्रिया को थोड़ा जटिल बना सकती हैं। जैसे, अब एक ही जमीन का दो तरह से मूल्यांकन होगा जबकि प्रयागराज के सर्किल रेट की सूची में यह व्यवस्था समाप्त कर दी गई है ताकि एक जमीन का एक तरह से मूल्यांकन होगा और गणना आसान हो।
इसके अलावा जो प्रारूप जारी किया गया है ठीक वैसा ही प्रारूप कम समय में तैयार करना मुश्किल है। निबंधन विभाग के सूत्रों के अनुसार फिलहाल एक अप्रैल से सर्किल रेट का नया प्रारूप लागू नहीं हो पाएगा। प्रयागराज में सर्किल रेट लागू होने के साल भर बाद ही इसमें बदलाव किया जा सकता है।
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महानिरीक्षक निबंधन की ओर से सभी जिलाधिकारियों को पत्र जारी कर कहा गया है कि प्रदेश के सभी उप निबंधक कार्यालयों में निर्धारित प्रारूप पर सर्किल रेट की सूची समयबद्ध रूप से लागू होनी है। इसमें मूल्यांकन दर सूची में एकरूपता और संपत्ति पंजीकरण से संबंधित प्रभार्य शुल्क की गणना आसान, सुविधाजनक और पारदर्शी हो सकेगी।
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निर्धारित प्रारूप पर सर्किल रेट की सूची एक अप्रैल से लागू होगी लेकिन प्रयागराज में 15 दिसंबर 2025 को नई रेट लिस्ट लागू की गई थी। महानिरीक्षक निबंधन की ओर से जारी प्रारूप और प्रयागराज में लागू सर्किल रेट के प्रारूप में काफी अंतर है।
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नया सर्किल रेट आमतौर पर एक वर्ष बाद लागू होता है। ऐसे में प्रयागराज में केवल साढ़े तीन माह में सर्किल रेट का नया प्रारूप लागू होना मुश्किल है। निबंधन विभाग के सूत्रों का कहना है कि प्रयागराज में जो प्रारूप लागू किया गया है, उसमें भी मूल्यांकन प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए कई बदलाव किए गए हैं।
इन बदलावों के बाद लोगों को अपनी संपत्ति का मूल्यांकन करने के लिए विशेषज्ञ की भी जरूरत नहीं है। लोग घर बैठे संपत्ति का मूल्यांकन स्वयं कर सकते हैं। इससे मूल्यांकन में पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
वहीं, महानिरीक्षक निबंधन की ओर से जो प्रारूप जारी किया गया है, उसमें कुछ कमियां हैं जो मूल्यांकन प्रक्रिया को थोड़ा जटिल बना सकती हैं। जैसे, अब एक ही जमीन का दो तरह से मूल्यांकन होगा जबकि प्रयागराज के सर्किल रेट की सूची में यह व्यवस्था समाप्त कर दी गई है ताकि एक जमीन का एक तरह से मूल्यांकन होगा और गणना आसान हो।
इसके अलावा जो प्रारूप जारी किया गया है ठीक वैसा ही प्रारूप कम समय में तैयार करना मुश्किल है। निबंधन विभाग के सूत्रों के अनुसार फिलहाल एक अप्रैल से सर्किल रेट का नया प्रारूप लागू नहीं हो पाएगा। प्रयागराज में सर्किल रेट लागू होने के साल भर बाद ही इसमें बदलाव किया जा सकता है।