फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   More than nine hundred and fifty tests in private pathology, only three positive

प्राइवेट पैथोलॉजी में साढ़े नौ सौ से अधिक जांचें, पॉजिटिव सिर्फ तीन

Sat, 30 May 2020 01:17 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sat, 30 May 2020 01:17 AM IST
विज्ञापन
More than nine hundred and fifty tests in private pathology, only three positive
corona lab in mln medical college prayagraj - फोटो : prayagraj
शहर में मोती लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के अलावा कोरोना की जांच करने वाली चार पैथोलॉजी में अब तक साढ़े नौ सौ से अधिक जांच हो चुकी हैं लेकिन. सिर्फ तीन ही पॉजिटिव रिपोर्ट आई है। इसमें दो रिपोर्ट कोर डायग्नोस्टिक सेंटर जबकि एक एसआरएल लैब की है। इनकी रिपोर्ट के आधार पर पॉजिटिव आए लोगों का उपचार किया जा रहा है। 
विज्ञापन


  स्वास्थ्य विभाग के आकड़ों के मुताबिक सबसे अधिक जांच एसआरएल लैब में हुई हैं। इसने अब तक कोरोना की चार सौ से अधिक जांच की है। पुष्टि केवल बहरिया की एक युवती में हुई है। वह अल्लापुर स्थित एक निजी अस्पताल में दिखाने गई थी। वहां से उसका स्वाब सैंपल लिया गया था। युवती कोटवा-बनी एल-1 हॉस्पिटल में भर्ती है।
विज्ञापन


कोरोना के नोडल इंचार्ज डॉ.ऋषि सहाय ने बताया कि तीन पैथोलॉजी ने कोरोना की अब तक 930 जांच की है। इसमें से 400 जांच एसआरएल लैब ने की हैं। जबकि लाल पैथ लैब ने 202 और पैथ काइंड लैब ने 330 जांच की है। अब तक प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक एसआरएल लैब की एक रिपोर्ट पॉजिटिव नहीं है। इन लैब की रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग को भेजी जाती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कोरोना जांच करने वाली सभी लैब स्वाब सैंपल जांच के लिए सेंट्र्ल लैब भेजते हैं। वहां उसकी जांच होती। जो भी रिपोर्ट आती है। उसे स्वास्थ्य विभाग को भेज दिया जाता है। पैथ कांइड लैब के साइंटिस्ट अफसर नीरज ने बताया कि उनकी लैब सेंट्र्ल लैब गुड़गांव में है। यहां से स्वाब सैंपल लेकर भेज दिया जाता है। तीन-चार दिनों में रिपोर्ट आ जाती है। जांच के लिए 4500 रुपये लिए जा रहे हैं। यही हाल अन्य तीन लैब का भी है।
 

रिपोर्ट न भेजने के कारण कोर डायग्नोस्टिक हुआ था सीज

कमलानगर निवासी रेलवे कर्मचारी की पत्नी और मुंबई से लौटे बारा के चंदैयावारी गांव के 52 वर्षीय व्यक्ति की कोरोना की रिपोर्ट पॉजिटिव देने वाली कोर डायग्नोस्टिक प्राइवेट लिमिटेड लैब स्वास्थ्य विभाग को रिपोर्ट नहीं भेजती थी। इसलिए स्वास्थ्य विभाग ने उसे सीज कर दिया है। कोर डायग्नोस्टिक लैब की सेंट्र्ल लैब गुड़गांव में है। गुड़गांव की लैब को आईसीएमआर ने मान्यता दे रखी है।

यह लैब भी स्वाब सैंपल को गुड़गांव में ही जांच करने के लिए भेजती है। इस लैब में अब तक कितने लोगों ने कोरोना की जांच कराई है। इसका आंकड़ा स्वास्थ्य विभाग के पास नहीं है। कोर डायग्नोस्टिक सेंटर के संचालक नितिन ने बताया कि तीन दिनों से ही जांच शुरू हुई थी। पांच नमूनों की जांच की गई थी जिसमें से दो पॉजिटिव आ गए।

निजी अस्पतालों को तीन लैब में ही सैंपल भेजने के निर्देश

सीएमओ मेजर डॉ. जीएस बाजपेई ने शुक्त्रस्वार को जिले में संचालित नर्सिंगहोम को निर्देश दिया है कि वे कोरोना की जांच लाल पैथ लैब, पैथ काइंड लैब और एसआरएल पैथोलॉजी में ही कराएं। जिले में अभी इन्हीं तीनों लैब को अधिकृत किया गया है। अन्य किसी लैब में जांच कराने पर लैब के साथ संबंधित नर्सिंगहोमं के खिलाफ  एपीडेमिक एक्ट 1887 के तहत कार्रवाई की जाएगी। सीएमओ ने कहा कि इस संबंध में इलाहाबाद मेडिकल एसोसिएशन और नर्सिंग होम एसोसिएशन के पदाधिकारियों को जानकारी दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed