संक्रांति पर डुबकी लगाइए, खिचड़ी खाइए

अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Sat, 14 Jan 2017 02:11 AM IST
khichadi
इलाहाबाद - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
माघ मेले का दूसरा मुख्य स्नानपर्व मकर संक्रांति शनिवार को मनाया जाएगा। कल्पवासियों के अतिरिक्त बड़ी संख्या में श्रद्धालु संगम सहित गंगा और यमुना के विभिन्न घाटों पर डुबकी लगाएंगे। श्रद्धालु स्नान के बाद सूर्य को अर्घ्य देंगे। फिर गंगापुत्र घाटियों, तीर्थपुरोहितों को त्रिवेणी, माधव एवं पितरों के निमित्त पूजन करके खिचड़ी का दान करेंगे।

पौषपूर्णिमा पर मुख्यत: कल्पवासियों का ही जमावड़ा रहा लेकिन मकर संक्रांति पर देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु भी डुबकी लगाएंगे। पौषपूर्णिमा को पहले स्नानपर्व पर प्रशासन या संस्थाओं की ओर से जो तैयारियां अधूरी रह गई थीं, उसे दूसरे स्नानपर्व से पहले पूरा किया गया। श्रद्धालुओं के मद्देनजर तीर्थपुरोहितों और गंगापुत्र घाटियों ने भी पर्याप्त व्यवस्था की है। सभी के यहां दूर-दूर से स्नानार्थियों के आने की सूचना है। शंकराचार्यों, संत-महात्माओं और संस्थाओं के शिविरों में खिचड़ी प्रसाद का भंडारा भी होगा।

अखिल भारतीय ज्योतिष परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री अविनाश राय के मुताबिक सूर्य का मकर राशि में प्रवेश शनिवार को दोपहर 1.51 बजे होगा। मकर राशि में प्रवेश के पांच घंटे पहले और पांच घंटे बाद तक पुण्यकाल माना जाता है ऐसे में संक्रांति पर्व पर स्नान का पुण्यकाल पूरे दिन रहेगा। स्नान के बाद खिचड़ी, तिल, घी, कंबल, वस्त्र, गौ आदि का दान किया जाएगा। मकर राशि में प्रवेश करते ही सूर्य उत्तरायण हो जाएंगे। खरमास समाप्त होगा और मांगलिक कार्य आरंभ हो जाएंगे।

मकर संक्रांति पर्व मनाने के लिए घरों में भी तैयारियां की गई है्। दान करने के लिए चावल और उड़द की दाल को मिलाकर खिचड़ी तैयार की गई। घर बड़ी बुजुर्ग की देखरेख में तिल के लड्डू बनाए गए। दान करने का सामान एकत्र किया गया। पर्व पर पतंग उड़ाने का शगुन भी होगा।

त्रिवेणी बांध स्थित ब़ड़े हनुमान मंदिर से श्रद्धालुओं को खिचड़ी का प्रसाद बांटा जाएगा। महंत नरेंद्र गिरि के मुताबिक यह क्रम शाम तक जारी रहेगा। माघ मेला क्षेत्र के दंडीबाड़ा, आचार्यबाड़ा, काली सड़क, त्रिवेणी मार्ग, महावीर मार्ग, खाक चौक आदि में भी खिचड़ी प्रसाद बंटेगा। धूमनगंज स्थित हनुमान वाटिका में सामाजिक समरसता के तहत दोपहर बारह बजे और सिविल लाइंस स्थित प्राचीन शनिदेव नवग्रहधाम मंदिर में भी खिचड़ी प्रसाद बांटा जाएगा। महंत तुलसी गिरि के मुताबिक भगवान शिव को चावल और उड़द की दाल प्रिय है। इसीलिए उन्हें खिचड़ी का भोग अर्पित किया जाता है।

तंबुओं की नगरी में मकर संक्रांति से भी एक कल्पवास आरंभ होगा। मैथिल ब्राह्मणों की ओर से संक्रांति से संक्रांति तक का कल्पवास किया जाएगा जिसकी शुरुआत मकर संक्रांति से होगी। मकर संक्रांति से कल्पवास का संकल्प लेने वाले श्रद्धालु गंगा स्नान के बाद शुरुआत करेंगे।

मकर संक्रांति पर्व पर गंगा स्नान के बाद उड़द, चावल, तिल आदि के दान का महात्म्य है। आचार्य विद्याकांत पांडेय  के अनुसार शनि की कृपा के लिए ही काली तिल, उड़द की दाल का दान किया जाता है। मान्यता है कि जरूरतमंदों को ऊनी वस्त्र और खिचड़ी खिलाने से बाधाएं दूर होती हैं।

Spotlight

Most Read

Lucknow

यूपी पुलिस भर्ती को लेकर युवाओं में जोश, पहले ही दिन रिकॉर्ड रजिस्ट्रेशन

यूपी पुलिस में 22 जनवरी से शुरू हुआ फॉर्म भरने का सिलसिला पहले दिन रिकॉर्ड नंबरों तक पहुंच गया।

23 जनवरी 2018

Related Videos

इलाहाबाद में चल रहे माघ मेले में लगी आग, कई टेंट जलकर हुए खाक

इलाहाबाद में चल रहे माघ मेले में रविवार दोपहर आग लगने से दहशत फैल गयी। माना जा रहा है कि आग दीये से लगी। फायर बिग्रेड की टीम ने किसी तरह आग पर काबू पाया। आग से कई टेंट जलकर खाक हो गए वहीं इस हादसे में कोई व्यक्ति हताहत नहीं हुआ।

22 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper