फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   In the wards of SRN, sheets can be changed even at night if needed

सख्ती का असर : एसआरएन के वार्डों में जरूरत पर रात में भी बदली जा सकेंगी चादरें

Mon, 21 Nov 2022 11:26 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Mon, 21 Nov 2022 11:26 PM IST
सार

स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय में इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति के भर्ती रिश्तेदार के परिजनों द्वारा चादर बदलने के आग्रह पर उनको घर से चादर लाने के मामले के बाद अस्पताल प्रशासन ने व्यवस्था में बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है।

विज्ञापन
In the wards of SRN, sheets can be changed even at night if needed
Prayagraj News : स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

एसआरएन अस्पताल के किसी वार्ड में भर्ती मरीज के परिवार की ओर से रात में चादर मांगने पर अस्पताल का स्टाफ मना नहीं कर सकेगा। रात में जरूरत पद चादर आदि बदलने की स्थिति में स्टाक में रखी 50 चादरे मरीजों और तीमारदारों को उपलब्ध हो जाएगी। स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय में इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति के भर्ती रिश्तेदार के परिजनों द्वारा चादर बदलने के आग्रह पर उनको घर से चादर लाने के मामले के बाद अस्पताल प्रशासन ने व्यवस्था में बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है।

विज्ञापन

मामले में सोमवार को प्राचार्य मोती लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज डॉ. एसपी सिंह ने अस्पताल के उच्चाधिकारियों के साथ बैठक करके कई बदलाव का निर्णय लिया। इसमें सभी स्टाफ को स्पष्टरूप से निर्देश दिया गया है कि वह मरीजों और तीमारदारों के साथ व्यवहार में सुधार करें। साथ ही रात में समय से दवा, इंजेक्शन आदि उपलब्ध करायी जाए। इसके निगरानी की जिम्मेदारी रात के इंचार्ज को दी गई है। साथ ही कहा गया है कि इस प्रकार का मामला दोबारा सामने आने पर वार्ड ब्वाय, नर्स के साथ ही मैट्रेन की भी जिम्मेदारी होगी। 

विज्ञापन
विज्ञापन

नई व्यवस्थाओं की जांच के लिए नियमित रूप से एक कमेटी बनाकर निगरानी की जाएगी। इसके अलावा स्टॉक में 50 चादरें हमेशा उपलब्ध रखने का निर्देश भी प्राचार्य डॉ. एसपी सिंह ने दिया है। बताया कि विभागाध्यक्षों की अलग-अलग टीम बनाकर रात में आकस्मिक निरीक्षण की व्यवस्था की गई है। इससे इस प्रकार की घटना भविष्य में ना हो, इसको सुनिश्चित कराया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed