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बारिश में ढही दीवार, चाची-भतीजी की मौत
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Sun, 12 Jul 2015 01:59 AM IST
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हंडिया (इलाहाबाद)। दिन भर की बारिश से जर्जर हुआ कच्चा मकान गिरने से हंडिया के हसनपुर गांव में एक महिला और उसकी भतीजी की मौत हो गई। महिला की बेटी भी गंभीर रूप से जख्मी है जिसे अस्पताल में भर्ती किया गया है। खबर पाकर पुलिस-प्रशासनिक अफसर वहां पहुंच गए।
हसनपुर गांव में रहने वाले सगे भाई रमाशंकर पाल और बृजलाल पाल परिवार सहित एक ही कच्चे मकान में रहते हैं। खेती और बकरी पालन के जरिए परिवार का गुजारा होता है। इस कच्चे घर से सटा एक मड़हा भी है। शनिवार शाम करीब चार बजे बारिश के दौरान रमाशंकर की बहू मालती (45) पत्नी मुन्नीलाल मड़हा में चूल्हे पर चाय बना रही थी। मालती के पास ही उसकी बेटी सपना (15) और भतीजी वंदना (12) पुत्री रमेश बैठी थी। तभी अचानक कच्चे घर की दीवार ढही और मलबा जा गिरा मालती और दोनों लड़कियों पर। यह देख वहां चीख-पुकार मच गई। वहां गांव वाले जुट गए। मलबा हटाकर मालती, वंदना और सपना को बाहर निकाला गया।
सपना की सांस चल रही थी, लेकिन उसकी मां मालती तथा चचेरी बहन वंदना की मौत हो गई थी। घायल सपना को फौरन अस्पताल ले जाया गया। इस घटना से परिवार और गांव में कोहराम मच गया। मालती की मौत ने उसके तीन बेटों और घायल बेटी सपना के सिर से मां का साया उठ गया। अनहोनी की शिकार वंदना कक्षा छह की छात्रा थी। वह रमेश पाल की इकलौती बेटी थी जबकि उसके दो भाई हैं। इस घटना की जानकारी पाकर सीओ हंडिया, तहसीलदार भी क्षेत्रीय पुलिस के साथ पहुंच गए।
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हसनपुर गांव में रहने वाले सगे भाई रमाशंकर पाल और बृजलाल पाल परिवार सहित एक ही कच्चे मकान में रहते हैं। खेती और बकरी पालन के जरिए परिवार का गुजारा होता है। इस कच्चे घर से सटा एक मड़हा भी है। शनिवार शाम करीब चार बजे बारिश के दौरान रमाशंकर की बहू मालती (45) पत्नी मुन्नीलाल मड़हा में चूल्हे पर चाय बना रही थी। मालती के पास ही उसकी बेटी सपना (15) और भतीजी वंदना (12) पुत्री रमेश बैठी थी। तभी अचानक कच्चे घर की दीवार ढही और मलबा जा गिरा मालती और दोनों लड़कियों पर। यह देख वहां चीख-पुकार मच गई। वहां गांव वाले जुट गए। मलबा हटाकर मालती, वंदना और सपना को बाहर निकाला गया।
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सपना की सांस चल रही थी, लेकिन उसकी मां मालती तथा चचेरी बहन वंदना की मौत हो गई थी। घायल सपना को फौरन अस्पताल ले जाया गया। इस घटना से परिवार और गांव में कोहराम मच गया। मालती की मौत ने उसके तीन बेटों और घायल बेटी सपना के सिर से मां का साया उठ गया। अनहोनी की शिकार वंदना कक्षा छह की छात्रा थी। वह रमेश पाल की इकलौती बेटी थी जबकि उसके दो भाई हैं। इस घटना की जानकारी पाकर सीओ हंडिया, तहसीलदार भी क्षेत्रीय पुलिस के साथ पहुंच गए।
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