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अधीक्षक के खिलाफ गरजे हॉलैंड हाल के छात्र
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Tue, 06 Sep 2016 02:31 AM IST
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इलाहाबाद। अधीक्षक के खिलाफ आंदोलनरत इविवि के हालैंड हाल हॉस्टल के छात्रों ने कुलपति दफ्तर पर सोमवार को धरना-प्रदर्शन किया। वे हॉस्टल में अवैध कब्जा, सुविधाओं का अभाव के साथ वित्तीय अनियमितता का भी आरोप लगा रहे थे। छात्रों के साथ वार्ता के बाद कुलपति ने उनके आरोपों के मद्देनजर जांच कमेटी गठित कर दी है।
हॉस्टल के वैध अंत:वासियों की सूची तथा फंड में हेराफेरी का आरोप लगाते हुए छात्र कई दिनों से आंदोलनरत हैं। उन्होंने बिशप से भी इसकी शिकायत की है। इसी क्रम में सोमवार को वे कुलपति दफ्तर पर धरने पर बैठ गए। छात्र कुलपति से वार्ता की मांग कर रहे थे। शुरू में कुलपति दो छात्रों से वार्ता के लिए राजी हुए। हालांकि उनकी मांग पर कुलपति ने पांच छात्रों के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता की। उन्होंने कमेटी गठित कर जांच करने का निर्देश दिया। कुलपति के इस निर्देश के बाद छात्राें ने आंदोलन खत्म किया।
निलंबन के खिलाफ एनसीसी छात्रों का प्रदर्शन
दो दिन में मांग नहीं माने जाने पर अनशन की चेतावनी
इलाहाबाद(ब्यूरो)। इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय के एनसीसी छात्रों के सामने नया संकट खड़ा हो गया है। कैंप नहीं जाने की वजह से 2013 बैच के छात्रों को निलंबित कर दिया गया। इसकी वजह से परीक्षा से भी वंचित हो गए। इस साल भी उनके सामने परीक्षा से वंचित होने का खतरा है। इसके विरोध में छात्रों ने सोमवार को शिक्षक सम्मान समारोह के दौरान सीनेट हाल के सामने प्रदर्शन किया। उन्होंने समस्या का निदान नहीं होने पर बेमियादी अनशन की चेतावनी दी।
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छात्रों ने अफसरों को फूल भेंटकर मांग पर सहानुभूति विचार की मांग की। प्रदर्शन में शामिल छात्रों का कहना था कि बजट के अभाव में पिछले साल उनका कैंप नहीं लगा। इसकी वजह से वे सर्टिफिकेट परीक्षा से वंचित हो गए। इस साल भी अगस्त में कैंप जाना था लेकिन फिर पैसा नहीं मिला। ऐसे में उनके सामने इस साल भी परीक्षा से वंचित होने का खतरा है। छात्रों का कहना था कि लगातार ज्ञापन सौंपे जाने के बावजूद उनके भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। कुलपति ने छात्रों से प्रत्यावेदन लेकर जल्द से जल्द समाधान का निर्देश दिया।रजिस्ट्रार प्रोफेसर एनके शुक्ला ने दो दिन में समस्या के निदान का आश्वासन दिया। प्रदर्शन करने वालों में रामबाबू तिवारी, कवि आजाद, सुयंश सचान, पुष्पेंद्र सिंह, धीरेंद्र सिंह, आशुतोष पांडेय, मयंक सिंह आदि शामिल रहे।
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हॉस्टल के वैध अंत:वासियों की सूची तथा फंड में हेराफेरी का आरोप लगाते हुए छात्र कई दिनों से आंदोलनरत हैं। उन्होंने बिशप से भी इसकी शिकायत की है। इसी क्रम में सोमवार को वे कुलपति दफ्तर पर धरने पर बैठ गए। छात्र कुलपति से वार्ता की मांग कर रहे थे। शुरू में कुलपति दो छात्रों से वार्ता के लिए राजी हुए। हालांकि उनकी मांग पर कुलपति ने पांच छात्रों के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता की। उन्होंने कमेटी गठित कर जांच करने का निर्देश दिया। कुलपति के इस निर्देश के बाद छात्राें ने आंदोलन खत्म किया।
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निलंबन के खिलाफ एनसीसी छात्रों का प्रदर्शन
दो दिन में मांग नहीं माने जाने पर अनशन की चेतावनी
इलाहाबाद(ब्यूरो)। इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय के एनसीसी छात्रों के सामने नया संकट खड़ा हो गया है। कैंप नहीं जाने की वजह से 2013 बैच के छात्रों को निलंबित कर दिया गया। इसकी वजह से परीक्षा से भी वंचित हो गए। इस साल भी उनके सामने परीक्षा से वंचित होने का खतरा है। इसके विरोध में छात्रों ने सोमवार को शिक्षक सम्मान समारोह के दौरान सीनेट हाल के सामने प्रदर्शन किया। उन्होंने समस्या का निदान नहीं होने पर बेमियादी अनशन की चेतावनी दी।
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छात्रों ने अफसरों को फूल भेंटकर मांग पर सहानुभूति विचार की मांग की। प्रदर्शन में शामिल छात्रों का कहना था कि बजट के अभाव में पिछले साल उनका कैंप नहीं लगा। इसकी वजह से वे सर्टिफिकेट परीक्षा से वंचित हो गए। इस साल भी अगस्त में कैंप जाना था लेकिन फिर पैसा नहीं मिला। ऐसे में उनके सामने इस साल भी परीक्षा से वंचित होने का खतरा है। छात्रों का कहना था कि लगातार ज्ञापन सौंपे जाने के बावजूद उनके भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। कुलपति ने छात्रों से प्रत्यावेदन लेकर जल्द से जल्द समाधान का निर्देश दिया।रजिस्ट्रार प्रोफेसर एनके शुक्ला ने दो दिन में समस्या के निदान का आश्वासन दिया। प्रदर्शन करने वालों में रामबाबू तिवारी, कवि आजाद, सुयंश सचान, पुष्पेंद्र सिंह, धीरेंद्र सिंह, आशुतोष पांडेय, मयंक सिंह आदि शामिल रहे।