Railway News : ट्रेनों में उमड़ी सीजन की सर्वाधिक भीड़, छठ के बाद ही राहत की उम्मीद
तमाम ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची के चलते जनरल कोच में तब्दील हो गए स्लीपर के कोच, दिवाली बाद पड़े पहले रविवार को वापसी करने वाले लोगों की वजह से ट्रेनें रही ठसाठस।
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दिवाली मनाने के बाद अपने गंतव्य की ओर वापसी करने वाले लोगों की वजह से रविवार को ट्रेनों में इस सीजन की सर्वाधिक भीड़ उमड़ी। कोविड की दूसरी लहर थमने के बाद प्रयागराज से विभिन्न स्थानों की ओर जाने वाली तमाम ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची के बाद नो रूम रहा। दिल्ली रूट की ट्रेनें यात्रियों से ज्यादा ठसाठस रहीं। बताया जा रहा है कि इस रूट की ट्रेनों में अब छठ के बाद ही राहत की उम्मीद है।
दिवाली के बाद प्रयागराज से विभिन्न स्थानों की ओर जाने वाली ट्रेनों में चार माह पूर्व ही सारी सीट भर गई। इस बार भैया दूज शनिवार को रहा। इस वजह से दिवाली पर जो लोग आए उसमें से अधिकांश ने रविवार सात नवंबर को ही वापसी की राह पकड़ी। पर्व मनाने के बाद संगम, प्रयागराज, हमसफर एक्सप्रेस, पुरुषोत्तम एक्सप्रेस, ब्रह्मपुत्र मेल, पूर्वा एक्सप्रेस, शिवगंगा एक्सप्रेस आदि ट्रेनों की रवानगी के दौरान जंक्शन पर खासी भीड़ हो गई। ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची के साथ नो रूम होने की वजह से उन यात्रियों को भी परेशानी हुई, जिनके टिकट कंफर्म थे।
ऐसे तमाम यात्रियों को प्रतीक्षा सूची वालों से अपनी सीट साझा करनी पड़ी। शाम को संगम एक्सप्रेस की रवानगी के दौरान तमाम प्रतीक्षा सूची वाले यात्री आरक्षित कोचों में बैठ गए। जबकि कोविड प्रोटोकाल के तहत ट्रेनों में केवल कंफर्म बर्थ टिकट वाले यात्रियों को ही सफर की अनुमति है। यही स्थिति प्रयागराज संगम रेलवे स्टेशन से नौचंदी और ऊंचाहार एक्सप्रेस की रवानगी के दौरान रही। उधर शाम को प्रयागराज एक्सप्रेस की रवानगी के दौरान भी जंक्शन पर खूब भीड़ हो गई।
प्रयागराज-जयपुर एक्सप्रेस से भी आज काफी भीड़ गई। इस ट्रेन के स्लीपर में प्रतीक्षा सूची 150 के पार हो गई। उधर, मुंबई रूट की प्रमुख ट्रेनों की बात करें तो महानगरी, काशी, कामायनी एक्सप्रेस के स्लीपर, एसी थ्री, एसी टू में भी रविवार को लंबी प्रतीक्षा सूची रही। इन ट्रेनों के आरक्षित कोचों में वेटिंग टिकट वाले यात्रियों के बैठ जाने की वजह से जिन लोगों ने काफी पहले ही अपने रिजर्वेशन ट्रेनों में करा रखे थे, उन्हें काफी परेशानी हुई।