{"_id":"631ce6f26fd7fc271220901e","slug":"former-governor-shared-memories-elizabeth-did-not-even-realize-that-she-is-the-queen","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व राज्यपाल ने साझा कीं यादें : एलिजाबेथ ने महसूस ही नहीं होने दिया कि महारानी हैं वह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्व राज्यपाल ने साझा कीं यादें : एलिजाबेथ ने महसूस ही नहीं होने दिया कि महारानी हैं वह
Sun, 11 Sep 2022 08:05 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Sun, 11 Sep 2022 08:05 AM IST
सार
पूर्व राज्यपाल केशरी नाथ त्रिपाठी ने बताया, मैं अपनी पत्नी सुधा त्रिपाठी के साथ लंदन गया था। पूर्व सांसद स्वर्गीय हुकूम सिंह भी साथ थे। इस दौरान कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री की मेंबरशिप पर महारानी एलिजाबेथ के समक्ष विस्तार से चर्चा हुई थी।
विज्ञापन
पूर्व राज्यपाल केशनीनाथ त्रिपाठी ने ब्रिटेन की राजकुमारी महारानी एलिजाबेथ मुलाकात की फोटो की शेयर।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के निधन पर पूर्व राज्यपाल केशरी नाथ त्रिपाठी ने दु:ख व्यक्त किया है। यादें साझा करते हुए बोले, वह जिंदादिल इंसान थीं। मेरी उनसे वर्ष 2000 में मुलाकात हुई थी। तब मैं उनसे यूपी विधानसभा अध्यक्ष रहते हुए कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री सदस्य के रूप में मिला था। उसके बाद पहली बार लंदन में साइबर क्राइम पर मेरा व्याख्यान हुआ था जिसकी समूचे ब्रिटेन में चर्चा रही।
विज्ञापन
पूर्व राज्यपाल केशरी नाथ त्रिपाठी ने बताया, मैं अपनी पत्नी सुधा त्रिपाठी के साथ लंदन गया था। पूर्व सांसद स्वर्गीय हुकूम सिंह भी साथ थे। इस दौरान कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री की मेंबरशिप पर महारानी एलिजाबेथ के समक्ष विस्तार से चर्चा हुई थी। प्रतिनिधिमंडल के लंच के दौरान महारानी भी हमारे बीच थीं। वह वहां मौजूद सभी लोगों से मिल रही थीं।
विज्ञापन
इस दौरान मुझे उनका व्यक्तित्व शानदार लगा।
उन्होंने यह महसूस ही नहीं होने दिया कि वह ब्रिटेन की महारानी हैं। उनसे मुलाकात के बाद ही मैने पहली बार साइबर क्राइम पर व्याख्यान दिया जो उस समय नया विषय था। इस वजह से वह व्याख्यान वहां काफी सुर्खियों में रहा। हालांकि व्याख्यान के दौरान महारानी वहां नहीं थी। अब उनके निधन के बाद 22 वर्ष पुरानी स्मृतियां ताजा हो गई हैं।
विज्ञापन