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Prayagraj News: राम के पदचिह्नों को खोज रहे विदेशी मेहमान
Thu, 22 Jan 2026 02:36 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज
Updated Thu, 22 Jan 2026 02:36 AM IST
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लालापुर मनकामेश्वर धाम में दर्शन करने पहुंचे विदेशी मेहमान ऋषियन धाम की गुफा में भगवान शिव का
माघ मेला में पहुंचने वाले विदेशी मेहमान संगम की छटा देखकर राम पथ गमन के पदचिह्नों पर स्थित दार्शनिक स्थलों का दर्शन कर रहे हैं। लालापुर क्षेत्र के मनकामेश्वर धाम, मऊ चित्रकूट सीमा से लगा हुआ ऋषियन धाम और सुजावन धाम में विदेशी मेहमान रोज नजर आ रहे हैं। विदेशी मेहमानों के पहुंचने से इस स्थानों पर रोज भीड़ लगी रहती है।
मनकामेश्वर धाम लालापुर के पुजारी माखन पांडेय ने बताया की माघ मास शुरू होने पर अमेरिका, आस्ट्रेलिया के पर्यटक धाम आ चुके हैं। उधर, ऋषियन धाम के पुजारी इंद्रेश महराज ने बताया कि आस्ट्रेलिया, इटली और जर्मनी के पर्यटक संगम की रेती से ऋषियन धाम भगवान राम के वन गमन के पदचिह्नोंको खोजते हुए आ चुके हैं।
बरियारी कला में यमुना की गोद में लेटे हनुमान जी को देखकर पर्यटक भावविभोर हो रहे हैं। लालापुर मनकामेश्वर धाम के संत स्वामी ब्रिजेशानंद ने महाराज ने बताया की लालापुर क्षेत्र में मूर्तियों एवं शिलालेखों का खजाना है। अगर इन स्थलों को सरकार अपने संरक्षण में लेकर पुनरुद्धार कराए तो हमारा इतिहास संरक्षित किया जा सकता है।
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मनकामेश्वर धाम लालापुर के पुजारी माखन पांडेय ने बताया की माघ मास शुरू होने पर अमेरिका, आस्ट्रेलिया के पर्यटक धाम आ चुके हैं। उधर, ऋषियन धाम के पुजारी इंद्रेश महराज ने बताया कि आस्ट्रेलिया, इटली और जर्मनी के पर्यटक संगम की रेती से ऋषियन धाम भगवान राम के वन गमन के पदचिह्नोंको खोजते हुए आ चुके हैं।
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बरियारी कला में यमुना की गोद में लेटे हनुमान जी को देखकर पर्यटक भावविभोर हो रहे हैं। लालापुर मनकामेश्वर धाम के संत स्वामी ब्रिजेशानंद ने महाराज ने बताया की लालापुर क्षेत्र में मूर्तियों एवं शिलालेखों का खजाना है। अगर इन स्थलों को सरकार अपने संरक्षण में लेकर पुनरुद्धार कराए तो हमारा इतिहास संरक्षित किया जा सकता है।
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