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बुखार से एक युवती व एक किशोरी की मौत
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बरेली। चरमराई सफाई व्यवस्था और स्वास्थ्य विभाग की निष्क्रियता से नगर व ग्रामीण क्षेत्र में संक्रामक रोगों को प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। जिले के अलग-अलग स्थानों पर बुखार की चपेट में आने से फतेहगंज पश्चिमी के गांव पटवाईयां में एक युवती व खमरिया सानी गांव निवासी एक किशोरी की मौत हो गई। परिवार वाले मलेरिया अथवा डेंगू की चपेट में आने से मौत की आशंका जता रहे हैं, लेकिन सीएमओ डा. विनीत शुक्ल ने दोनों ही मौत को डेंगू अथवा मलेरिया से होने की बात से इंकार किया है।
फतेहगंज पश्चिमी। नगर पंचायत व ग्रामीण अंचल में सफाई कर्मियों के नहीं पहुंचने या फिर पहुंचकर कार्य नहीं करने से नालियां गंदगी से पटी हैं। जिस कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। गांव पटवाईयां निवासी रोहिणी मिश्रा (18) पिछले एक माह से बुखार से पीड़ित चल रही थी। पहले तो उनके परिजन थैला छाप डॉक्टरों से इलाज कराते रहे, लेकिन हालत बिगड़ने पर उन्होंने एक कस्बा के डिग्री होल्डर प्रतिष्ठित डॉक्टर से इलाज कराया। फायदा न होने पर परिवार वाले रोहिणी को एक निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। रोहिणी इंटर पास करके कस्बा के एक वित्तविहीन स्कूल में पढ़ाती थी। भारतीय किसान यूनियन के तहसील महासचिव अरविंद सिंह ने बरेली सीएमओ से स्वास्थ्य विभाग के द्वारा क्षेत्र में संक्रामक रोग नियंत्रण के लिए कैंप लगाने की मांग की है।
मीरगंज। तहसील क्षेत्र के गांव खमरिया सानी निवासी प्रेमपाल की 15 वर्षीय पुत्री छाया को कुछ दिन पहले बुखार आया तो परिवार वालों ने उसे बरेली के निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया। जहां इलाज के दौरान किशोरी की मौत हो गई। जिससे परिवार में कोहराम मच गया।
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फतेहगंज पश्चिमी। नगर पंचायत व ग्रामीण अंचल में सफाई कर्मियों के नहीं पहुंचने या फिर पहुंचकर कार्य नहीं करने से नालियां गंदगी से पटी हैं। जिस कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। गांव पटवाईयां निवासी रोहिणी मिश्रा (18) पिछले एक माह से बुखार से पीड़ित चल रही थी। पहले तो उनके परिजन थैला छाप डॉक्टरों से इलाज कराते रहे, लेकिन हालत बिगड़ने पर उन्होंने एक कस्बा के डिग्री होल्डर प्रतिष्ठित डॉक्टर से इलाज कराया। फायदा न होने पर परिवार वाले रोहिणी को एक निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। रोहिणी इंटर पास करके कस्बा के एक वित्तविहीन स्कूल में पढ़ाती थी। भारतीय किसान यूनियन के तहसील महासचिव अरविंद सिंह ने बरेली सीएमओ से स्वास्थ्य विभाग के द्वारा क्षेत्र में संक्रामक रोग नियंत्रण के लिए कैंप लगाने की मांग की है।
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मीरगंज। तहसील क्षेत्र के गांव खमरिया सानी निवासी प्रेमपाल की 15 वर्षीय पुत्री छाया को कुछ दिन पहले बुखार आया तो परिवार वालों ने उसे बरेली के निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया। जहां इलाज के दौरान किशोरी की मौत हो गई। जिससे परिवार में कोहराम मच गया।
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