माफिया की अवैध संपत्तियों के खिलाफ चल रही कार्रवाई की कड़ी में बृहस्पतिवार को झूंसी के छतनाग गांव में गिरि ब्रदर्स के आशियाने पर पीडीए का बुलडोजर गरजा। गिरि ब्रदर्स के नाम से जनपद में चर्चित माफिया प्रमोद उर्फ बब्लू गिरि तथा मनोज उर्फ छोट्टन गिरि के तकरीबन 500 वर्गगज में बने दो मंजिल मकान को पांच घंटे तक चली कार्रवाई के बाद ढहा दिया गया। पीडीए की दलील थी कि उक्त मकान का निर्माण बगैर नक्शा पास कराए किया गया था। कार्रवाई के दौरान पीडीए के तीन जोनल अधिकारियों के अलावां एसडीएम फूलपुर तथा कई थानों की पुलिस फोर्स भी मौजूद रही।
झूंसी के छतनाग में हिस्ट्रीशीटर छोट्टन गिरी सहित तीन शातिर बदमाशों के मकानों को ढहाया गया
झूंसी के छतनाग गांव निवासी प्रमोद गिरि उर्फ बब्लू तथा मनोज उर्फ छोट्टन गिरि सगे भाई हैं। दोनों के खिलाफ झूंसी में हत्या और हत्या के प्रयास समेत कई संगीन धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। छोट्टन तकरीबन छह साल से जेल में बंद है। प्रमोद गिरि इन दिनों जमानत पर बाहर है। माफिया गिरि ब्रदर्स का छतनाग गांव के अंदर तकरीबन 500 वर्गगज में दो मंजिला आलीशान मकान था।
शासन के निर्देश पर माफियाओं और बदमाशों के खिलाफ चलाई जा रही कार्रवाई की क्रम में बृहस्पतिवार को पीडीए का तोड़ू दस्ता तीन बुलडोजर लेकर छतनाग गांव गिरि ब्रदर्स के घर पहुंचा। पीडीए के तोड़ू दस्ते के साथ जोनल अधिकारी सत शुक्ला, शिवानी सिंह तथा आलोक पांडेय, एसडीएम फूलपुर युवराज सिंह व कई थानों की पुलिस फोर्स भी मौके पर मौजूद रही।
अचानक भारी पुलिस फोर्स और प्रशासनिक अमले को देख ग्रामीण भी सन्न रह गए। जोनल अधिकारी सत शुक्ला ने बताया कि तकरीबन 500 वगर्गज में दो मंजिल मकान का निर्माण पीडीए से बगैर नक्शा पास कराए किया गया था। इसी वजह से ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई। मकान को ढहाने से पहले उसे खाली कराया गया। पीडीए की कार्रवाई साढ़े ग्यारह बजे शुरु होकर शाम साढ़े चार बजे तक चली।
प्रमोद पर 18 और छोट्टन पर दर्ज हैं आठ मुकदमे
अकेले झूंसी थाने में ही प्रमोद उर्फ बब्लू गिरि पर कुल 18 मुकदमे दर्ज हैं। इसमें हत्या और हत्या के प्रयास के भी केस हैं। पुलिस ने प्रमोद के खिलाफ गुंडा एक्ट, गैंगेस्टर तथा 7 सीएलए एक्ट के तहत भी कार्रवाई की है। मनोज उर्फ छोट्टन गिरि पर हत्या और हत्या के प्रयास समेत कुल आठ मुकदमे दर्ज हैं। 2014 से वह दोहरे हत्याकांड में जेल में बंद है।
बिलख्ती रहीं महिलाएं, कहां जाएंगे हम लोग
कार्रवाई का विरोध करते हुए प्रमोद और छोट्टन गिरि के परिवार की महिलाएं लगातार बिलखती रहीं। वे पुलिसवालों से लगातार यही कहे जा रही थीं कि छोटे-छोटे बच्चों को लेकर आखिर कहां जाएंगे। परिवार की महिहलाओं का कहना था कि 500 वर्गगज में बने दो मंजिले मकान का निर्माण कई साल पहले कराया गया था। ऐसे में अब भवन का नक्शा पास न होने की दलील देकर गिराया जाना, सरासर अन्याय है। आक्रोशित महिलाओं को पुलिस ने वहां से समझाकर उन्हें हटाया।
ढहाना था कोई मकान और गिराने लगे नवनिर्मित भवन
पीडीए के तोड़ू दस्ते से बृहस्पतिवार को ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के दौरान भारी चूक हुई। तोड़ू दस्ते को माफिया प्रमोद और छोट्टन गिरि के मकान को ढहाना था लेकिन शुरुआत में माफिया के पट्टीदार का मकान तोड़ू दस्ते का बुलडोजर ढहाने लगा। जोनल अधिकारी आलोक पांडेय, शिवानी सिंह तथा एसडीएम फूलपुर युवराज सिंह की अगुवाई में प्रमोद के पट्टीदार का नवनिर्मित मकान का अगला हिस्सा ढहा भी दिया गया।आज ही इस घर का गृह प्रवेश कार्यक्रम था। परिजन गृह प्रवेश के पूजन और बाद के आयोजन में जुटे थे। शुक्रवार को पट्टीदार के युवक की जबलपुर बारात भी जानी है। कार्रवाई आधी ही चली थी कि जोनल अधिकारी सत शुक्ला वहां पहुंच गए और बताया कि उक्त मकान नहीं बल्कि दूसरा मकान जमीदोंज करना है। तब पीडीए का तोड़ू दस्ता वहां से हटा। पीडीए की इस कार्रवाई से लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त था।