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ट्रेनों में डेढ़ सौ से ज्यादा चोरी करने वाले चार बंदी
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Fri, 25 Aug 2017 02:13 AM IST
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इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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ट्रेनों में चोरी-छिनैती की डेढ़ सौ से ज्यादा घटनाएं अंजाम देने वाले गिरोह के चार बदमाशों को जीआरपी ने जंक्शन पर दबोच लिया। बदमाशों के कब्जे से चोरी के गहने, नगदी, मोबाइल फोन तथा तस्करी का गांजा बरामद हुआ। इस गिरोह ने इलाहाबाद से दिल्ली तथा हावड़ा तक ट्रेनों में लगातार वारदातें अंजाम दीं।
जीआरपी थाना प्रभारी मनोज सिंह को बुधवार देर रात खबर मिली कि प्लेटफार्म नंबर नौ पर चार युवक मौजूद हैं जिनके पास कई बैग हैं। उनकी गतिविधि संदिग्ध है। इस सूचना पर इंस्पेक्टर ने रात करीब दो बजे उपनिरीक्षक कैलाशपति सिंह, संजय पाल, अंजनी सिंह, सिपाही अतुल सिंह, भूप सिंह, सतपाल के साथ घेराबंदी कर चारों संदिग्ध युवकों को पकड़ लिया। उनके बैग की तलाशी ली गई तो सोने की चेन, अंगूठी, कान के टाप्स, सोने के बिस्किट, पायल समेत तमाम गहने, चार मोबाइल फोन, नौ किलो गांजा तथा ग्यारह बजार रुपये बरामद हुए। एसपी रेलवे दीपक भट्ट ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों में शहर में रानी मंडी का ताजबाबू, गढ़ी कला शाहगंज का करन सिंह उर्फ पंजाबी, चिलबिला प्रतापगढ़ का सुनील कहार, शाहनूर अलीगंज मुहल्ले में किराए पर रहने वाला शहंशाह है।
इन चारों ने कुबूला कि वे कई साल ट्रेनों में यात्रियों से चोरी-छिनैती करते रहे हैं। दिल्ली से हावड़ा के बीच लंबी दूरी की ट्रेनों मगध एक्सप्रेस, रीवांचल एक्सप्रेस, त्रिवेणी एक्सप्रेस, संगम एक्सप्रेस, कामायनी एक्सप्रेस, प्रयागराज एक्सप्रेस, गोदान आदि में ये बदमाश यात्रियों को शिकार बनाते थे। कई बार ये स्टेशन के आऊटर पर खड़े हो जाते और जब ट्रेन धीमी गति से पहुंचती तो झपट्टा मारकर लोगों के हाथ से मोबाइल या महिलाओं के गहने छीनकर भाग जाते। इस गिरोह ने तकरीबन डेढ़ सौ घटनाएं अंजाम दी जिनमें नौ मुकदमे इलाहाबाद जीआरपी थाने में भी दर्ज हैं। इस कामयाबी पर पुलिस टीम की सराहना करते हुए नगद पुरस्कार की घोषणा की गई।
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जीआरपी थाना प्रभारी मनोज सिंह को बुधवार देर रात खबर मिली कि प्लेटफार्म नंबर नौ पर चार युवक मौजूद हैं जिनके पास कई बैग हैं। उनकी गतिविधि संदिग्ध है। इस सूचना पर इंस्पेक्टर ने रात करीब दो बजे उपनिरीक्षक कैलाशपति सिंह, संजय पाल, अंजनी सिंह, सिपाही अतुल सिंह, भूप सिंह, सतपाल के साथ घेराबंदी कर चारों संदिग्ध युवकों को पकड़ लिया। उनके बैग की तलाशी ली गई तो सोने की चेन, अंगूठी, कान के टाप्स, सोने के बिस्किट, पायल समेत तमाम गहने, चार मोबाइल फोन, नौ किलो गांजा तथा ग्यारह बजार रुपये बरामद हुए। एसपी रेलवे दीपक भट्ट ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों में शहर में रानी मंडी का ताजबाबू, गढ़ी कला शाहगंज का करन सिंह उर्फ पंजाबी, चिलबिला प्रतापगढ़ का सुनील कहार, शाहनूर अलीगंज मुहल्ले में किराए पर रहने वाला शहंशाह है।
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इन चारों ने कुबूला कि वे कई साल ट्रेनों में यात्रियों से चोरी-छिनैती करते रहे हैं। दिल्ली से हावड़ा के बीच लंबी दूरी की ट्रेनों मगध एक्सप्रेस, रीवांचल एक्सप्रेस, त्रिवेणी एक्सप्रेस, संगम एक्सप्रेस, कामायनी एक्सप्रेस, प्रयागराज एक्सप्रेस, गोदान आदि में ये बदमाश यात्रियों को शिकार बनाते थे। कई बार ये स्टेशन के आऊटर पर खड़े हो जाते और जब ट्रेन धीमी गति से पहुंचती तो झपट्टा मारकर लोगों के हाथ से मोबाइल या महिलाओं के गहने छीनकर भाग जाते। इस गिरोह ने तकरीबन डेढ़ सौ घटनाएं अंजाम दी जिनमें नौ मुकदमे इलाहाबाद जीआरपी थाने में भी दर्ज हैं। इस कामयाबी पर पुलिस टीम की सराहना करते हुए नगद पुरस्कार की घोषणा की गई।
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