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तोड़ी सिक्योरिटी, बना लिए डुप्लीकेट आधार कार्ड
अमर उजाला बयूरो, इलाहाबाद
Updated Fri, 24 Aug 2018 02:25 AM IST
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आधार
- फोटो : self
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सरकार के तमाम दावों को चुनौती देते हुए जालसाजों ने डुप्लीकेट आधार कार्ड बनवा लिए हैं। राशन में गड़बड़ी सामने आने के बाद इस जालसाजी का खुलासा हुआ है। इस तरह की गड़बड़ी प्रदेश के 43 जिलों में हुई है। प्रारंभिक जांच में इलाहाबाद में भी 107 मामले सामने आए हैं। गड़बड़ी किस स्तर पर हुई है इसकी जांच के लिए कमेटी बनाई गई है।
राशन कार्ड के लिए हर सदस्य का आधार कार्ड लिंक करना अनिवार्य कर दिया गया है। फर्जीवाड़ा रोकने के लिए सरकार ने शहरी क्षेत्र में स्वैप मशीन से राशन वितरण की व्यवस्था भी लागू कर दी है। इसके तहत स्वैप मशीन पर परिवार के सदस्य के अंगूठे का मिलान किया जाएगा, जो आधार कार्ड से लिंक होगा। इसके बाद ही राशन दिया जाएगा, लेकिन जालसाज इस सुरक्षा चक्र को भी तोड़ने में सफल हो गए हैं। शासन को बड़े स्तर पर शिकायत मिली थी कि एक ही नाम और पते से दो-दो राशन कार्ड बनाए गए हैं। खास यह कि प्रारंभिक जांच में पाया गया कि दिए गए पते पर संबंधित परिवार तो रहता ही है, उसके नाम पर कहीं और भी राशन लिया जा रहा है। इस तरह की सैकड़ों गड़बड़ियां 43 जिलों में मिली हैं। प्रारंभिक जांच में यह बात भी सामने आ रही है कि जालसाज आधार की सिक्योरिटी तोड़ने में सफल हो गए हैं।
हालांकि, जांच पूरी होने तक अफसर इस बारे में कुछ भी बोलने से बच रहे हैं। इस तरह का मामला सामने आने के बाद शासन की ओर से सभी जिलों में इसकी जांच कराने का आदेश दिया गया है। शासन के आदेश पर यहां भी एडीएम नागरिक आपूर्ति अमर पाल सिंह की अध्यक्षता में जांच शुरू की गई है। डीएम सुहास एलवाई ने बताया कि जांच की जा रही है।यहां इस तरह के 107 मामले सामने आए हैं। गड़बड़ी कहां से और किस स्तर पर हुई है इसकी भी जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर गड़बड़ी हुई हो। यह गंभीर मामला है। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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राशन कार्ड के लिए हर सदस्य का आधार कार्ड लिंक करना अनिवार्य कर दिया गया है। फर्जीवाड़ा रोकने के लिए सरकार ने शहरी क्षेत्र में स्वैप मशीन से राशन वितरण की व्यवस्था भी लागू कर दी है। इसके तहत स्वैप मशीन पर परिवार के सदस्य के अंगूठे का मिलान किया जाएगा, जो आधार कार्ड से लिंक होगा। इसके बाद ही राशन दिया जाएगा, लेकिन जालसाज इस सुरक्षा चक्र को भी तोड़ने में सफल हो गए हैं। शासन को बड़े स्तर पर शिकायत मिली थी कि एक ही नाम और पते से दो-दो राशन कार्ड बनाए गए हैं। खास यह कि प्रारंभिक जांच में पाया गया कि दिए गए पते पर संबंधित परिवार तो रहता ही है, उसके नाम पर कहीं और भी राशन लिया जा रहा है। इस तरह की सैकड़ों गड़बड़ियां 43 जिलों में मिली हैं। प्रारंभिक जांच में यह बात भी सामने आ रही है कि जालसाज आधार की सिक्योरिटी तोड़ने में सफल हो गए हैं।
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हालांकि, जांच पूरी होने तक अफसर इस बारे में कुछ भी बोलने से बच रहे हैं। इस तरह का मामला सामने आने के बाद शासन की ओर से सभी जिलों में इसकी जांच कराने का आदेश दिया गया है। शासन के आदेश पर यहां भी एडीएम नागरिक आपूर्ति अमर पाल सिंह की अध्यक्षता में जांच शुरू की गई है। डीएम सुहास एलवाई ने बताया कि जांच की जा रही है।यहां इस तरह के 107 मामले सामने आए हैं। गड़बड़ी कहां से और किस स्तर पर हुई है इसकी भी जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर गड़बड़ी हुई हो। यह गंभीर मामला है। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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