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बीटीसी पेपर लीक प्रकरण
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बीटीसी पेपर लीक प्रकरण के मुख्य आरोपी की मौत
गंभीर हालत में पीजीआई ले जाते वक्त रायबरेली में थमी सांसें
तबियत बिगड़ने पर शहर में एसआरएन लाकर कराया गया था भर्ती
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। कौशाम्बी में बीटीसी चतुर्थ सेमेस्टर के पेपर लीक प्रकरण के मुख्य आरोपी आशीष अग्रवाल की मौत हो गई। पांच दिन पहले तबियत बिगड़ने पर उसे कौशाम्बी जेल से लाकर एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बुधवार शाम हालत ज्यादा खराब होने पर उसे पीजीआई ले जाया जा रहा था लेकिन, रायबरेली में उसकी सांसें थम गईं।
सात अक्तूबर को बीटीसी चतुर्थ सेमेस्टर का पेपर लीक होने के बाद कौशाम्बी में हड़कंप मच गया था। अगले दिन परीक्षा हुई लेकिन बाद में इसे निरस्त कर दिया गया था। 13 अक्तूबर को एसटीएफ ने मामले का खुलासा करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इनमें शहर के बलरामपुर हाउस स्थित महालक्ष्मी अपार्टमेंट निवासी आशीष अग्रवाल व भार्गव प्रिंटिंग प्रेस का मालिक कीडगंज निवासी अरविंद भार्गव शामिल थे। एसटीएफ का दावा था कि परीक्षा नियामक की ओर से पेपर छपवाकर प्रदेश भर के सेंटरों पर पहुंचाने की जिम्मेदारी दीप्ति इंटरप्राइजेज को दी गई थी। इसकी मालकिन दीप्ति अग्रवाल थीं लेकिन पूरा काम पति आशीष अग्रवाल देखता था। आशीष ने पेपर भार्गव प्रेस में छपवाया जहां से पेपर लीक हुआ। दोनों गिरफ्तार आरोपियों को कौशाम्बी जेल में रखा गया था। रिश्तेदारों का आरोप है कि शुगर व हाई ब्लड प्रेशर के मरीज आशीष को समुचित इलाज नहीं मिला जिससे उसकी तबियत बिगड़ती चली गई। 29 दिसंबर को उसे एसआरएन अस्पताल लाकर भर्ती कराया गया, जहां से बुधवार शाम पीजीआई रेफर कर दिया गया। हालांकि रायबरेली पहुंचने पर उसकी मौत हो गई। जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिली तो घर में कोहराम मच गया। रायबरेली में ही पोस्टमार्टम कराए जाने के बाद बृहस्पतिवार देर शाम शव घर लाया गया। जिसके बाद परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। कौशाम्बी जेल अधीक्षक बीएस मुकुंद ने बताया कि आशीष की तबियत खराब होने पर उसे एसआरएन में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों के पीजीआई रेफर करने पर उसे लखनऊ ले जाया जा रहा था लेकिन, रास्ते में उसकी मौत हो गई।
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बीटीसी पेपर लीक प्रकरण के मुख्य आरोपी की मौत
गंभीर हालत में पीजीआई ले जाते वक्त रायबरेली में थमी सांसें
तबियत बिगड़ने पर शहर में एसआरएन लाकर कराया गया था भर्ती
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। कौशाम्बी में बीटीसी चतुर्थ सेमेस्टर के पेपर लीक प्रकरण के मुख्य आरोपी आशीष अग्रवाल की मौत हो गई। पांच दिन पहले तबियत बिगड़ने पर उसे कौशाम्बी जेल से लाकर एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बुधवार शाम हालत ज्यादा खराब होने पर उसे पीजीआई ले जाया जा रहा था लेकिन, रायबरेली में उसकी सांसें थम गईं।
सात अक्तूबर को बीटीसी चतुर्थ सेमेस्टर का पेपर लीक होने के बाद कौशाम्बी में हड़कंप मच गया था। अगले दिन परीक्षा हुई लेकिन बाद में इसे निरस्त कर दिया गया था। 13 अक्तूबर को एसटीएफ ने मामले का खुलासा करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इनमें शहर के बलरामपुर हाउस स्थित महालक्ष्मी अपार्टमेंट निवासी आशीष अग्रवाल व भार्गव प्रिंटिंग प्रेस का मालिक कीडगंज निवासी अरविंद भार्गव शामिल थे। एसटीएफ का दावा था कि परीक्षा नियामक की ओर से पेपर छपवाकर प्रदेश भर के सेंटरों पर पहुंचाने की जिम्मेदारी दीप्ति इंटरप्राइजेज को दी गई थी। इसकी मालकिन दीप्ति अग्रवाल थीं लेकिन पूरा काम पति आशीष अग्रवाल देखता था। आशीष ने पेपर भार्गव प्रेस में छपवाया जहां से पेपर लीक हुआ। दोनों गिरफ्तार आरोपियों को कौशाम्बी जेल में रखा गया था। रिश्तेदारों का आरोप है कि शुगर व हाई ब्लड प्रेशर के मरीज आशीष को समुचित इलाज नहीं मिला जिससे उसकी तबियत बिगड़ती चली गई। 29 दिसंबर को उसे एसआरएन अस्पताल लाकर भर्ती कराया गया, जहां से बुधवार शाम पीजीआई रेफर कर दिया गया। हालांकि रायबरेली पहुंचने पर उसकी मौत हो गई। जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिली तो घर में कोहराम मच गया। रायबरेली में ही पोस्टमार्टम कराए जाने के बाद बृहस्पतिवार देर शाम शव घर लाया गया। जिसके बाद परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। कौशाम्बी जेल अधीक्षक बीएस मुकुंद ने बताया कि आशीष की तबियत खराब होने पर उसे एसआरएन में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों के पीजीआई रेफर करने पर उसे लखनऊ ले जाया जा रहा था लेकिन, रास्ते में उसकी मौत हो गई।
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