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शिक्षा निदेशालय के नाम से फर्जी रोजगार सूचना
Updated Tue, 11 Sep 2018 01:48 AM IST
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उच्च शिक्षा निदेशालय के नाम से फर्जी रोजगार सूचना
0 सोशल मीडिया पर फर्जी विज्ञप्ति वायरल, वसूली की शिकायत
0 निदेशालय में हड़कंप, एसएसपी को पत्र भेजकर दी जानकारी
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। सहायक निदेशक उच्च शिक्षा के फर्जी हस्ताक्षर से सोशल मीडिया में रोजगार सूचना से संबंधित विज्ञप्ति वायरल कर दी गई। शिक्षा निदेशालय तक मामला पहुंचा तो वहां हड़कंप मचा गया। शिकायत मिली की इस फर्जी विज्ञप्ति के आधार पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर वसूली शुरू हो गई है। सहायक निदेशक ने उच्च शिक्षा निदेशक के माध्यम से तत्काल इसकी सूचना इलाहाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को दी। एसएसपी को लिखे पत्र में कहा गया है कि कुछ अज्ञात लोग सरकार और उसके अधिकारियों एवं कर्मचारियों की छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे लोगों को चिह्नित कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
सहायक निदेशक उच्च शिक्षा डॉ. बीलएल शर्मा के फर्जी हस्ताक्षर से प्रदेश के सभी राजकीय महाविद्यालयों के प्राचार्यों, क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारियों, पुस्तकालयाध्यक्षों को पत्र जारी करते हुए शिक्षक, लिपिक, कंप्यूटर ऑपरेटर एवं चपरासी के स्वीकृत, कार्यरत एवं रिक्त पदों के बारे में सूचना मांगी गई है। साथ ही कहा गया है कि उन्हें दो नवंबर तक यह सूचना उपलब्ध करा दी जाए, जबकि सहायक निदेशक की ओर से ऐसी कोई विज्ञप्ति जारी ही नहीं की गई। विज्ञप्ति जारी होने की तिथि पांच सितंबर दर्शाई गई है। यह विज्ञप्ति व्हाट्सएप पर वायरल हो गई। सोमवार को निदेशालय को सूचना मिली तो वहां हड़कंप मच गया।
निदेशालय स्तर पर इसकी तत्काल जांच कराई गई। यह शिकायत भी आई कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ लोग इस विज्ञप्ति के आधार पर नौकरी दिलाने के नाम पर वसूली कर रहे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए सहायक निदेशक ने तत्काल इलाहाबाद के एसएसपी को पत्र लिखते हुए फर्जी विज्ञप्ति जारी करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई का आग्रह किया। एसएसपी को लिखे पत्र में कहा गया है कि विज्ञप्ति पूरी तरह से फर्जी है और ऐसा लगता है कि निदेशालय की छवि धूमिल करने और युवाओं से पैंसे ऐंठने के लिए किसी ने यह फर्जीवाड़ा किया है।
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उच्च शिक्षा निदेशालय के नाम से फर्जी रोजगार सूचना
0 सोशल मीडिया पर फर्जी विज्ञप्ति वायरल, वसूली की शिकायत
0 निदेशालय में हड़कंप, एसएसपी को पत्र भेजकर दी जानकारी
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। सहायक निदेशक उच्च शिक्षा के फर्जी हस्ताक्षर से सोशल मीडिया में रोजगार सूचना से संबंधित विज्ञप्ति वायरल कर दी गई। शिक्षा निदेशालय तक मामला पहुंचा तो वहां हड़कंप मचा गया। शिकायत मिली की इस फर्जी विज्ञप्ति के आधार पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर वसूली शुरू हो गई है। सहायक निदेशक ने उच्च शिक्षा निदेशक के माध्यम से तत्काल इसकी सूचना इलाहाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को दी। एसएसपी को लिखे पत्र में कहा गया है कि कुछ अज्ञात लोग सरकार और उसके अधिकारियों एवं कर्मचारियों की छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे लोगों को चिह्नित कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
सहायक निदेशक उच्च शिक्षा डॉ. बीलएल शर्मा के फर्जी हस्ताक्षर से प्रदेश के सभी राजकीय महाविद्यालयों के प्राचार्यों, क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारियों, पुस्तकालयाध्यक्षों को पत्र जारी करते हुए शिक्षक, लिपिक, कंप्यूटर ऑपरेटर एवं चपरासी के स्वीकृत, कार्यरत एवं रिक्त पदों के बारे में सूचना मांगी गई है। साथ ही कहा गया है कि उन्हें दो नवंबर तक यह सूचना उपलब्ध करा दी जाए, जबकि सहायक निदेशक की ओर से ऐसी कोई विज्ञप्ति जारी ही नहीं की गई। विज्ञप्ति जारी होने की तिथि पांच सितंबर दर्शाई गई है। यह विज्ञप्ति व्हाट्सएप पर वायरल हो गई। सोमवार को निदेशालय को सूचना मिली तो वहां हड़कंप मच गया।
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निदेशालय स्तर पर इसकी तत्काल जांच कराई गई। यह शिकायत भी आई कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ लोग इस विज्ञप्ति के आधार पर नौकरी दिलाने के नाम पर वसूली कर रहे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए सहायक निदेशक ने तत्काल इलाहाबाद के एसएसपी को पत्र लिखते हुए फर्जी विज्ञप्ति जारी करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई का आग्रह किया। एसएसपी को लिखे पत्र में कहा गया है कि विज्ञप्ति पूरी तरह से फर्जी है और ऐसा लगता है कि निदेशालय की छवि धूमिल करने और युवाओं से पैंसे ऐंठने के लिए किसी ने यह फर्जीवाड़ा किया है।
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