Crime News : एक करोड़ रंगदारी मांगी, सपा ब्लॉक प्रमुख छह भाइयों समेत नामजद
पीड़ित रामजीवन( 48) कौशाम्बी के सरायअकिल स्थित भगवानपुर का रहने वाला है। उसने पुलिस अफसरों को बताया कि उसकी पत्नी आशा देवी के नाम ग्राम अहमदपुर पावन में 8320 वर्गमीटर जमीन है। 2008-09 में मुजफ्फर व उसके भाइयों ने दबंगई के बल पर इसे कब्जा लिया था।
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कौड़िहार से सपा ब्लॉक प्रमुख व गोतस्कर गिरोह सरगना मो. मुजफ्फर पर एक करोड़ रंगदारी मांगने के आरोप में पूरामुफ्ती थाने में रिपोर्ट दर्ज हुई है। इसमें उसके साथ छह भाई भी नामजद कराए गए हैं। कौशाम्बी निवासी पीड़ित किसान का आरोप है कि छह दिन पहले आरोपियों ने बीच रास्ते से उसे घेरकर पीटा और फिर एक करोड़ की रंगदारी मांगी। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
पीड़ित रामजीवन(48) कौशाम्बी के सरायअकिल स्थित भगवानपुर का रहने वाला है। उसने पुलिस अफसरों को बताया कि उसकी पत्नी आशा देवी के नाम ग्राम अहमदपुर पावन में 8320 वर्गमीटर जमीन है। 2008-09 में मुजफ्फर व उसके भाइयों ने दबंगई के बल पर इसे कब्जा लिया था। साथ ही इस पर गुंडई के बल पर ईंट-भट्ठा संचालित करने लगा था। वह लगातार शिकायतें करता रहा लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
पिछले साल उसने तत्कालीन एडीजी जोन प्रेमप्रकाश से मिलकर गुहार लगाई तो उन्होंने कार्रवाई के लिए निर्देशित किया। इसके बाद पूरामुफ्ती पुलिस व जिला प्रशासन ने जमीन को मुक्त कराते हुए उसे सौंप दिया था। तभी से मुजफ्फर के भाई व सहयोगी लगातार उसे व उसके परिवार को जान से मारने और जबरन जमीन कब्जाने की धमकी दे रहे थे।
पीड़ित के मुताबिक, 13 मई को जमानत पर रिहा होने के बाद से मुजफ्फर उसे फिर धमकाने लगा। जमीन देने के लिए दबाव बनाने लगा। 22 मई को वह बाइक से अपने साथी भीम पुत्र गुलाबचन्द्र निवासी भीखपुर मेंडवारा के साथ शहर जा रहा था। इसी दौरान मंदर मोड़ के आगे सफेद रंग के चारपहिया से पीछा करते हुए मुजफ्फर, अपने भाई अकरम, छोटे उर्फ अशरफ, जावेद अहमद, आजम व अन्य सहयोगियों संग आया और उसे रोक लिया। फिर मारापीटा और एक करोड़ रंगदारी मांगी।
तमंचा भी ताना गया लेकिन फायर मिस होने पर उसकी जान बच गई। रविवार को पीड़ित ने घटना की लिखित शिकायत की जिस पर मामला दर्ज कर लिया गया। पुलिस सूत्रों का कहना है कि इस मामले में मुजफ्फर के अलावा उसके भाइयों अकरम, असलम, आजम, मुअज्जम, जावेद अहमद व अशरफ उर्फ छोटे पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। रंगदारी मांगने के अलावा मारपीट, गालीगलौज समेत अन्य धाराएं लगाई गई हैं। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।
30 से ज्यादा केस, जेल से जीता था चुनाव
नवाबगंज के चफरी का मूल निवासी मुजफ्फर अंतरजनपदीय गोतस्कर गिरोह का सरगना है। उसे 2021 में पूरामुफ्ती थाने में दर्ज गैंगस्टर के मामले में जेल भेजा गया था। जिसमें वह पिछले महीने ही जमानत पर छूटा है। इससे पहले भी वह जेल जा चुका है। जेल में ही रहकर उसने ब्लॉक प्रमुख का चुनाव जीता था। उस पर प्रयागराज के अलावा वाराणसी, कौशाम्बी, फतेहपुर, भदोही व चंदौली में 30 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं। पिछले साल नवंबर में तत्कालीन एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय के नेतृत्व में उसकी 10 करोड़ की संपत्ति कुर्क की गई थी। इससे पहले भी अभियान चलाकर उसकी करोड़ों रुपये की संपत्तियां कुर्क करने की कार्रवाई हुई थी।