फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Corruption unleash career

भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा कॅरियर

Fri, 12 Jun 2015 02:25 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Fri, 12 Jun 2015 02:25 AM IST
विज्ञापन
इलाहाबाद। गोरखपुर के गोविंद प्रथम श्रेणी में पोस्टग्रेजुएट और नेट हैं। वह तैयारी के लिए 2011 में इलाहाबाद आए थे। इस दौरान उन्होंने आईएएस और पीसीएस के अलावा असिस्टेंट प्रोफेसर, इंटर कालेज में प्रवक्ता, दारोगा, एसएससी की संयुक्त स्नातक  स्तरीय परीक्षाएं, रेलवे समेत कई भर्ती परीक्षाएं दीं। गोविंद आईएएस 2012 सहित दो बार पीसीएस का मेंस दे चुके हैं लेकिन अंतिम रूप से सफलता कहीं नहीं मिली।
विज्ञापन


उनका कहना है कि कोचिंग और किताबें खरीदने के बाद उनका हर महीने चार हजार रुपये खर्च होता है। इसमें 1800 रुपये मकान का किराया तथा तकरीबन चार से पांच सौ रुपये फार्म भरने, पत्रिकाओं आदि पर खर्च हो जाते हैं। गाजीपुर से यहां आकर तैयारी करने वाले रोहित सिंह का भी यही दर्द है। दोनों प्रतियोगियों पर अब घर लौटने का दबाव बढ़ गया है। यह सिर्फ गोविंद और रोहित का नहीं, बड़े सपने लेकर घर-परिवार छोड़कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में जुटे लाखों युवाओं का दर्द है। उनका कॅरियर भ्रष्टाचार और भर्ती प्रक्रिया में हो रही देरी की भेंट चढ़ता जा रहा है।
विज्ञापन

परीक्षाओं में आए दिन हो रही गड़बड़ी से कभी पेपर आउट हो जाता है तो कभी परीक्षा परिणाम कोर्ट में चैलेंज हो जाता है। ऐसे में लंबी मेहनत और तैयारी के बावजूद प्रतियोगियों के हाथ सिर्फ निराशा लगती है। भ्रष्टाचार के इस मकड़जाल में युवा वक्त बर्बाद करने के साथ ही आर्थिक रूप से भी ठगे जा रहे हैं। बीते तीन वर्षों में भर्ती परीक्षाओं में धांधली की शिकायतें ज्यादा हो गई है। सिविल सर्विस जैसी देश की सबसे बड़ी भर्ती परीक्षा भी प्रयोगशाला बन गई है। नित नए प्रयोग हो रहे हैं। डिग्री कालेजों सहित उच्च शिक्षा का भी बुरा हाल है। इंजीनियरिंग की सेमेस्टर परीक्षा तक में पेपर आउट हो रहे हैं। रही-सही उम्मीद को शिक्षकों की कमी ने तोड़ दिया है। आधे से अधिक पद खाली हैं। ऐसे में विद्यार्थियों के सामने समस्या है कि आखिर वे कहां जाएं और क्या करें।
विज्ञापन
विज्ञापन

00 प्रयोगशाला बना यूपीएससी
संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सर्विसेज में 2011 से जो प्रयोग शुरू हुआ था वह अब भी जारी है। एक  समय सीसैट को योग्य प्रशासक ढूंढ़ने का बड़ा आधार माना जा रहा था लेकिन पूरे देश में विरोध के बाद अब मात्र क्वालीफाइंग पेपर रह गया है। आयोग के विशेषज्ञों के पैनल में लंबे समय से शामिल इलाहाबाद विश्वविद्यालय के प्रोफेसर जटाशंकर समेत कई अन्य विद्वान सिविल सर्विसेज के नए प्रारूप को स्वीकार नहीं कर पा रहे। ऐसे में तय है कि आने वाले दिनों में यह प्रयोग जारी रहेगा।

00 विवाद का पर्याय बना यूपीपीएससी
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग विवादों का पर्याय बन गया है। अध्यक्ष की नियुक्ति को ही न्यायालय में चुनौती दी गई है। ज्यादातर भर्तिंयाें की न्यायालय में सुनवाई चल रही है। आयोग में पीसीएस-2012 की उत्तर पुस्तिकाओं को नष्ट करना, अंतिम परिणाम में चयनित अभ्यर्थियों का नाम न देना, संशोधित आंसर की जारी न करने समेत कई विवादित निर्णय लिए गए हैं। अवनीश पांडेय, अयोध्या सिंह, कौशल सिंह समेत कई प्रतियोगी इन मुद्दों को लेकर न्यायालय जाने की तैयारी में हैं।


00 गलत जवाब बनी सबसे बड़ी समस्या
भर्ती परीक्षाओं में गलत जवाब को सही माने जाने तथा प्रश्न ही गलत पूछे जाने की व्यापक शिकायतें हैं। संस्थाओं की ओर से जारी पीसीएस समेत ज्यादातर भर्ती परीक्षाओं की आंसर की में 15 से 20 सवालों के गलत जवाब होते हैं, जिन्हें बाद में संशोधित करना पड़ा या प्रश्न को ही बाहर करना पड़ा।
00 भर्तियां तथा परीक्षाएं जिन पर हैं विवाद
0 पीसीएस-2015 का पेपर आउट, मामला सुप्रीम कोर्ट में
0 यूपीपीएससी के अध्यक्ष की नियुक्ति हाईकोर्ट में चैलेंज
0 यूपीपीएससी की कृषि तकनीकी सहायक भर्ती का रिजल्ट हाईकोर्ट
0 यूपीपीएससी की खाद्य निरीक्षक भर्ती परीक्षा का मामला न्यायालय में
0 एआईपीएमटी का पेपर आउट, मामला सुप्रीम कोर्ट में
0 सीपीएमटी का पेपर लीक होने का भी आरोप
0 यूपीटीयू की सेमेस्टर परीक्षाओं का पेपर आउट
0 हाईकोर्ट के आदेश पर दारोगा भर्ती का रिजल्ट संशोधित होगा
0 29334 जूनियर शिक्षकों की भर्ती लंबे समय से फंसी
0 15 हजार बीटीसी प्रशिक्षुओं की भर्ती भी लंबित
0 उर्दू शिक्षकों की भर्ती पर रोक
0 पीजीटी-टीजीटी-2011 भर्ती पर रोक
0 रेलवे ग्रुप-डी भर्ती परीक्षा की जांच चल रही है
0 असिस्टेंट प्रोफेसर के दो विज्ञापनों की भर्तियां फंसी
0 एसएससी की सीजीएल-2013 की परीक्षा दोबारा हुई
0 इंटर कालेज के प्रधानाचार्य भर्ती के साक्षात्कार पर रोक
0 एसएससी की भर्तियों की हुई सीबीआई जांच, बदलनी पड़ी भर्ती प्रक्रिया
0 जालसाजी के मामले सामने आने के बाद बैंकों की भर्ती परीक्षा के प्रारूप भी बदले
0 कोर्ट के निर्देश पर एसएससी की कांस्टेबल भर्ती-2011 का संशोधित रिजल्ट इसी सप्ताह आया
0 इविवि समेत ज्यादातर उच्च शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों, कर्मचारियों के हजारों पदों पर भर्तियां फंसी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed