{"_id":"664f3efa61ad5db3170e6a66","slug":"competitive-students-said-recruitment-should-be-done-on-vacant-posts-of-government-jobs-government-should-s-2024-05-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रतियोगी छात्र बोले- सरकारी नौकरियों के रिक्त पदों पर हो भर्ती, पेपर लीक रोके सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रतियोगी छात्र बोले- सरकारी नौकरियों के रिक्त पदों पर हो भर्ती, पेपर लीक रोके सरकार
Thu, 23 May 2024 08:53 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 23 May 2024 08:53 PM IST
सार
कभी आईएएस फैक्ट्री के नाम से पहचान बनाने वाले सर जीएन झा हॉस्टल के छात्र दिन रात पढ़ाई के साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में जुटे हैं। उनका कहना है कि उन्हें आने वाली सरकार से उम्मीद है कि भर्ती परीक्षाएं शुरू होंगी और अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार मिलेगा।
विज्ञापन
इलाहाबाद विवि के सर जीएन झा हॉस्टल में बातचीत करते प्रतियोगी छात्र।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पूरब के ऑक्सफोर्ड कहे जाने वाले इलाहाबाद विश्वविद्यालय के सर जीएन झा हॉस्टल के छात्रों ने लोकसभ चुनाव के मद्देनजर अमर उजाला से खास बातचीत में युवाओं ने बेरोजगारी की समस्या को सबसे बड़ी समस्या बताई और आने वाली सरकार से रोजगार के अवसर प्रदान करने की अपेक्षा की।
विज्ञापन
विज्ञापन
कभी आईएएस फैक्ट्री के नाम से पहचान बनाने वाले सर जीएन झा हॉस्टल के छात्र दिन रात पढ़ाई के साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में जुटे हैं। उनका कहना है कि उन्हें आने वाली सरकार से उम्मीद है कि भर्ती परीक्षाएं शुरू होंगी और अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार मिलेगा। यूपीपीएससी का पेपर लीक मामला हो या सिपाही भर्ती परीक्षा रद्द होने का मामला या फिर चार साल की अग्निवीर भर्ती हो सब मुद्दे पर छात्रों ने बेबाकी से अपनी राय रखी।
विज्ञापन
बीए फाइनल के छात्र प्रियांशू ने कहा कि नौकरी की अपेक्षा थी, लेकिन सरकार के रवैये उम्मीद टूट गई। भाजपा सरकार में पर्चे लीक हो रहे हैं। कई साल से रहकर तैयारी कर रहे हैं। लगातार तैयारी करने के बाद भी न तो वैकेंसी आती है, आती भी है तो पेपर लीक होता है। सरकार रोजगार तलने को रोजगार बता रही है।
विपिन यादव मध्यकालीन इतिहास के छात्र ने कहा कि लाइब्रेरी चौबीस घंटे नहीं खुलता है। हॉस्टल की फीस बहुत ज्यादा है। गरीब परिवार के लोग आते हैं। छात्रावास की फीस 14 से 24 हजार रुपये हो गया। रोजगार के मुद्दे पर डबल इंजन की सरकार फेल है। फिजिकल एजुकेशन के छात्र सत्येंद्र यादव ने कहा कि सरकार युवाओं के साथ अन्याय कर रही है।
छात्र इस सरकार में बहुत पीड़ित, सुधीर मिश्र छात्र ने कहा कि रोजगार कैसे मिले। सरकार को रोजगार का अवसर प्रदान करना चाहिए। अर्थव्यवस्था बढ़ रही है। मेक इन इंडिया, मैन्युफैक्चरिंग, जीएसटी, राम मंदिर जैसे काम बढ़िया किया है, लेकिन रोजगार के मुद्दे पर फेल है। एमए के छात्र सत्या ने कहा कि रोजगार सबसे बड़ी समस्या है। दो करोड़ का वादा सरकार ने किया था पूरा नहीं हुआ। अग्निवीर भर्ती योजना से युवा काफी निराश हुए हैं।