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‘गूगल बोलो एप’ से हिंदी-अंग्रेजी का उच्चारण सुधारेंगे प्राइमरी स्कूल के बच्चे
Wed, 12 Aug 2020 01:09 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 12 Aug 2020 01:09 AM IST
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- फोटो : amar ujala
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प्रदेश के एक लाख 13 हजार प्राइमरी स्कूलों में पंजीकृत लगभग एक करोड़ बच्चों को अपना शब्दकोष बढ़ाने और हिंदी व इंग्लिश उच्चारण को सही करने के लिए गूगल बोलो एप मदद करेगा।
इस एप को छह से 11 वर्ष के बच्चों के लिए डिजाइन किया गया है। एप के बारे में शिक्षकों को प्रशिक्षण और निगरानी की जिम्मेदारी राज्य शैक्षिक प्रबंधन एवं प्रशिक्षण संस्थान (सीमैट) को दी गई है।
सीमैट से प्रशिक्षण पाने के बाद मास्टर ट्रेनर्स पूरे प्रदेश में शिक्षकों को ब्लाक स्तर पर प्रशिक्षित करेंगे। सीमैट के निदेशक संजय सिन्हा ने बताया कि पहले चरण में 5.76 लाख शिक्षकों को गूगल बोलो एप से जोड़ने के लिए प्रदेश, जनपद एवं विकास खंड स्तर पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। बताया कि इस एप में एक फीचर ‘दीया’ है, जो कि एक एनिमेटेड कैरेक्टर है।
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यह बच्चों को कहानियां पढ़ने के लिये प्रोत्साहित करेगी। किसी शब्द का उच्चारण करने में दिक्कत आने पर बच्चों की मदद करेगी। यह पूरी रीडिंग खत्म करने के बाद बच्चों की तारीफ भी करती है। यदि शिक्षकों को हिंदी अथवा अंग्रेजी के किसी उच्चारण में भ्रम की स्थिति होगी तो इस एप से मदद मिलेगी।
सीमैट एवं राज्य परियोजना कार्यालय की देखरेख में इन दिनों में मिशन प्रेरणा के तहत शिक्षकों के प्रशिक्षण का कार्यक्रम चल रहा है। यह कार्यक्रम 14 अगस्त को पूरा होगा इसके बाद गूगल बोलो के प्रशिक्षण की तैयारी होगी।
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इस एप को छह से 11 वर्ष के बच्चों के लिए डिजाइन किया गया है। एप के बारे में शिक्षकों को प्रशिक्षण और निगरानी की जिम्मेदारी राज्य शैक्षिक प्रबंधन एवं प्रशिक्षण संस्थान (सीमैट) को दी गई है।
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सीमैट से प्रशिक्षण पाने के बाद मास्टर ट्रेनर्स पूरे प्रदेश में शिक्षकों को ब्लाक स्तर पर प्रशिक्षित करेंगे। सीमैट के निदेशक संजय सिन्हा ने बताया कि पहले चरण में 5.76 लाख शिक्षकों को गूगल बोलो एप से जोड़ने के लिए प्रदेश, जनपद एवं विकास खंड स्तर पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। बताया कि इस एप में एक फीचर ‘दीया’ है, जो कि एक एनिमेटेड कैरेक्टर है।
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यह बच्चों को कहानियां पढ़ने के लिये प्रोत्साहित करेगी। किसी शब्द का उच्चारण करने में दिक्कत आने पर बच्चों की मदद करेगी। यह पूरी रीडिंग खत्म करने के बाद बच्चों की तारीफ भी करती है। यदि शिक्षकों को हिंदी अथवा अंग्रेजी के किसी उच्चारण में भ्रम की स्थिति होगी तो इस एप से मदद मिलेगी।
सीमैट एवं राज्य परियोजना कार्यालय की देखरेख में इन दिनों में मिशन प्रेरणा के तहत शिक्षकों के प्रशिक्षण का कार्यक्रम चल रहा है। यह कार्यक्रम 14 अगस्त को पूरा होगा इसके बाद गूगल बोलो के प्रशिक्षण की तैयारी होगी।