कौशाम्बी में सीबीआई ने बालू कारोबारियों के घर पर मारा छापा, मचा हड़कंप
जिले में बड़े पैमाने पर हुए अवैध बालू खनन की जांच कर रही सीबीआई की टीम ठीक साल भर बाद एक बार फिर कौशाम्बी आई। शनिवार की अल सुबह टीम ने आधा दर्जन बालू कारोबारियों के घर पर छापेमारी की। तकरीबन पांच घंटे तक टीम ने कारोबारियों के घर का चप्पा-चप्पा खंगाला। इस दौरान हाथ लगे बालू खनन से जुड़े दस्तावेज कब्जे में ले लिया। टीम की छापेमारी से बालू कारोबारियों के साथ ही प्रशासनिक गलियारे में हडक़ंप मचा हुआ है।
मई 2012 के बाद स्वीकृत पट्टों को न्यायालय ने अवैध करार दे दिया था। इसके बाद भी बालू कारोबारियों ने जिले में बाधित अवधि की आड़ में अवैध बालू खनन किया था। रही सही कसर वर्ष 2016 में सिंडीकेट ने पूरी कर दी थी। कथित सिंडीकेट के गुर्गो ने जिले में डेरा डालकर जिलेभर के यमुना बालू घाटों पर अवैध खनन किया। मामला न्यायालय पहुंचा तो सीबीआई जांच बैठा दी गई। अब तक सीबीआई टीम पांच बार जिले में आकर जांच कर चुकी है। मामले में तत्कालीन खान अधिकारी अरविंद कुमार समेत आठ कारोबारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराकर अंतिम रूप देने के प्रयास में है।
छठवीं बार सीबीआई टीम शनिवार को जिले में आई। टीम के सदस्यों ने अलग-अलग ग्रुप में कारोबारी रामअभिलाष पांडेय, नेपाली निषाद, खेमराज, नरनारायण मिश्र, रमाकांत द्विवेदी, योगेंद्र यादव के घर पर छापेमारी किया। सुबह तकरीबन सात बजे कारोबारियों के घर में टीम के सदस्य दाखिल हुए। टीम ने कारोबारियों के घर का चप्पा-चप्पा खंगाला। इस दौरान बालू खनन से जुडे जो भी दस्तावेज हाथ सभी को कब्जे में ले लिया। लगभग पांच घंटे तक चली छापेमारी के दौरान कारोबारियों के गांव में सन्नाटा छाया रहा। टीम की छापेमारी से एक बार कारोबारियों के साथ ही प्रशासनिक गलियारे में हडक़ंप मच गया है।
बंद रहे बालू कारोबारियों के फोन
शनिवार की सुबह घर सीबीआई का छापा पड़ते ही बालू कारोबारियों ने फोन बंद कर लिए। टीम आने की भनक लगते ही सभी एक-दूसरे का हाल जानने को बेताब रहे। पर, किसी से कोई संपर्क नहीं हो पा रहा था।एक ही समय पर एक साथ पड़े छापे
कौशाम्बी में छापेमारी करने आई सीबीआई टीम में तकरीबन तीन दर्जन से ज्यादा लोग शामिल थे। यूं तो टीम ने बालू कारोबारियों के गांव गौरए, इमली गांव, पभोषा, रुसहाई, बभनपुरवा आदि गांवों में सुबह पांच बजे ही पहुंच गए थे। पर, दो घंटे तक बाहर रहकर सटीक लोकेशन ट्रेस किया। इसके बाद तकरीबन सात बजे एक साथ सभी कारोबारियों के घर पर छापेमारी की।घर व आलमारी के ताले तोडक़र उठा ले गए दस्तावेज
कौशाम्बी कोतवाली के गौरए गांव निवासी बालू कारोबारी रमाकंात द्विवेदी इन दिनों माघ मेला में कल्पवास कर रहे हैं। सीबीआई ने छापा मारा तो परिजनों ने उन्हें इसकी जानकारी दी। घर व आलमारी में लगे तालों की चाबी मांगने पर परिजनों ने बताया कि रमाकांत अपने साथ ले गए हैं। इस पर टीम ने सब्बल की मदद से ताले तोडक़र चप्पा खंगाला।डीएम-एसपी को भी नहीं दी गई सूचना
इससे पहले सीबीआई की टीम पांच बार कौशाम्बी में अवैध बालू खनन की जांच करने आ चुकी है। हर मर्तबा टीम जिले में दाखिल होते ही डीएम-एसपी से मिलती थी। लेकिन इस बार एकदम गोपनीय रखा गया। डीएम अमित कुमार सिंह व एसपी अभिनंनदन ने बताया कि सीबीआई टीम के छापेमारी की उन्हें कोई अधिकृत जानकारी नहीं है।इस बार क्या होगा?
मंझनपुर। सीबीआई टीम जिले में आने के बाद आरोपियों में हडक़ंप मचा हुआ है। कारोबारियों को इस बात का भय सताने लगा है कि एफआईआर तो पूर्व में ही हो चुकी है। कहीं, सीबीआई के सदस्य अब गिरफ्तारी की तैयारी तो नहीं कर रहे हैं। इसे लेकर आरोपियों के रातों की नींद व दिन का चैन उड़ गया है।