फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Basic Education Council: Primary teachers trapped in taking arbitrary leave, four BEOs are investigating

बेसिक शिक्षा परिषद : मनमानी छुट्टी लेने में फंसे प्राइमरी के शिक्षक, चार बीईओ कर रहे जांच

Wed, 15 May 2024 07:56 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Wed, 15 May 2024 07:56 PM IST
सार

कौंधियारा ब्लॉक के संविलयन विद्यालय उमरी में तैनात अरविंद मिश्रा 1998-99 में बेसिक शिक्षा विभाग में शिक्षक बने थे। वह वर्ष 2000 से 2007 तक प्राइमरी विद्यालय बड़ी चितौरी में तैनात रहे। वहां पर तैनाती के दौरान वह 2003 में 51 दिन, 2004 में 196 दिन, 2005 में 138 दिन समेत कुल 385 दिन चिकित्सीय अवकाश पर रहे।

विज्ञापन
Basic Education Council: Primary teachers trapped in taking arbitrary leave, four BEOs are investigating
छानबीन। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

प्राइमरी विद्यालय के एक शिक्षक पर मनमानी छुट्टी लेने का आरोप लगा है। सर्विस बुक को ऑनलाइन करने के दौरान यह मामला पकड़ा गया। इसके अलावा अध्यापन के दौरान विभाग की बिना अनुमति के ही अलग-अलग विश्वविद्यालयों से पढ़ाई करने और डिग्री लेने का आरोप है। साथ ही शिक्षण कार्य के प्रति लापरवाही बरतने की शिकायत है। उनके खिलाफ लगे आरोपों की जांच बेसिक शिक्षा अधिकारी(बीएसए)ने चार खंड शिक्षा अधिकारियों (बीईओ) को सौंपी है।

विज्ञापन


कौंधियारा ब्लॉक के संविलयन विद्यालय उमरी में तैनात अरविंद मिश्रा 1998-99 में बेसिक शिक्षा विभाग में शिक्षक बने थे। वह वर्ष 2000 से 2007 तक प्राइमरी विद्यालय बड़ी चितौरी में तैनात रहे। वहां पर तैनाती के दौरान वह 2003 में 51 दिन, 2004 में 196 दिन, 2005 में 138 दिन समेत कुल 385 दिन चिकित्सीय अवकाश पर रहे। नियमानुसार कोई भी कर्मचारी अपनी पूरी नौकरी में अधिकतम 365 दिन चिकित्सकीय अवकाश ले सकता है। इसके अलावा 2006 और 2007 में भी वह अनुपस्थित रहे। वह चिकित्सकीय अवकाश पर रहे, लेकिन इसका विवरण सर्विस बुक में दर्ज नहीं है। सर्विस बुक के ऑनलाइन होने के दौरान बीएसए ने यह गड़बड़ी पकड़ी तो जांच के आदेश दिए।
विज्ञापन


जसरा के बीईओ ने शिक्षक अरविंद मिश्रा को नोटिस जारी करके पूछा कि वह चिकित्सकीय अवकाश किसकी अनुमति से लिए थे। उनके खिलाफ एक शिकायत आई कि उन्होंने वर्ष 2000 से 2021 तक विभाग की बिना अनुमति के ही एमएससी, एमए, बीएड, पीजी डिप्लोमा आदि की डिग्री ली। इसकी जांच बीईओ कौंधियारा अरुण कुमार अवस्थी को दी गई है। मार्च 2024 में कौंधियारा के ग्राम प्रधान और ग्रामीणों ने बच्चे को पीटने और शिक्षण कार्य से गैरहाजिर रहने की शिकायत की थी। इसकी जांच बीईओ सैदाबाद ने की। जांच में शिकायत सही पाई गई तो उनको कौंधियारा से हटाकर अमिलिया कोरांव के विद्यालय में संबद्ध किया गया। साथ ही इस मामले की जांच बीईओ हंडिया को दी गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed