{"_id":"89c449e01ffbd765743035acb4e97a10","slug":"au-officials-were-fired-air-regulations-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"इविवि के अधिकारी ही निकाल रहे नियमों की हवा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इविवि के अधिकारी ही निकाल रहे नियमों की हवा
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Sat, 26 Sep 2015 02:04 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इलाहाबाद (ब्यूरो)। इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण की ओर से बनाए गए नियमों की हवा उनके अधिकारी ही निकाल रहे हैं। चुनाव प्रक्रिया से जुड़े प्रो. एचएन तिवारी, निर्वाचन अधिकारी प्रो.आरएस पांडेय, प्रॉक्टर प्रो.आरके उपाध्याय सहित अन्य अधिकारी मंडलायुक्त की अध्यक्षता में हुई बैठक के दौरान दबाव बनाए जाने पर बिखर गए। निर्वाचन अधिकारी सहित प्रॉक्टर भी स्थानीय प्रशासन की हां में हां मिलाते नजर आए।
एक दिन पहले नामांकन पत्र निरस्त किए जाने की स्थिति में चुनाव अधिकारी को गोली मारने की धमकी दिए जाने का असर बैठक में दिखाई पड़ा। धमकी देने वाले इस नेता पर कार्रवाई की बात कौन करे, प्रदेश सरकार के दबाव में अधिकारी भी इविवि प्रशासन पर दबाव बनाने लगे कि इंटेलीजेंस की रिपोर्ट है कि नामांकन निरस्त किए जाने की स्थिति में कानून-व्यवस्था का संकट खड़ा हो सकता है। चुनाव अधिकारी को धमकी दिए जाने के समय मौजूद प्रॉक्टर प्रो.आरके उपाध्याय तो गोली मारने धमकी को सामान्य घटना बता रहे हैं।
इविवि के अधिकारी जब बैठक से लौटे तो उन्होंने कुलपति कोे इस बारे में जानकारी दी। कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण की ओर से बैठक के दौरान जिस एजेंडे पर सहमति बनी उसकी रिपोर्ट मांगे जाने के बाद कोई भी अधिकारी लिखित रिपोर्ट देर रात तक उन्हें प्रस्तुत नहीं कर सका। इस बारे में कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण का कहना है कि रिपोर्ट मिलने के बाद इस बारे में निर्णय लिया जाएगा।
विज्ञापन
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रसंघ चुनाव में भाग ले रहे प्रत्याशियों में इस बात को लेकर बेचैनी बढ़ गई है कि उनके सारे क्राइम रिकार्ड ऑन लाइन किए जा रहे हैं। रिकार्ड ऑन लाइन होने के बाद प्रत्याशी एक-दूसरे के बारे में जानकर उनके खिलाफ आरोप-प्रत्यारोप लगा सकेंगे। कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण की ओर से यह फैसला पिछले कई चुनावाें के बाद छात्रों की ओर से आरोप लगाने के बाद चुनाव निरस्त होने से बचाने के लिए लिया गया है।
विज्ञापन
एक दिन पहले नामांकन पत्र निरस्त किए जाने की स्थिति में चुनाव अधिकारी को गोली मारने की धमकी दिए जाने का असर बैठक में दिखाई पड़ा। धमकी देने वाले इस नेता पर कार्रवाई की बात कौन करे, प्रदेश सरकार के दबाव में अधिकारी भी इविवि प्रशासन पर दबाव बनाने लगे कि इंटेलीजेंस की रिपोर्ट है कि नामांकन निरस्त किए जाने की स्थिति में कानून-व्यवस्था का संकट खड़ा हो सकता है। चुनाव अधिकारी को धमकी दिए जाने के समय मौजूद प्रॉक्टर प्रो.आरके उपाध्याय तो गोली मारने धमकी को सामान्य घटना बता रहे हैं।
विज्ञापन
इविवि के अधिकारी जब बैठक से लौटे तो उन्होंने कुलपति कोे इस बारे में जानकारी दी। कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण की ओर से बैठक के दौरान जिस एजेंडे पर सहमति बनी उसकी रिपोर्ट मांगे जाने के बाद कोई भी अधिकारी लिखित रिपोर्ट देर रात तक उन्हें प्रस्तुत नहीं कर सका। इस बारे में कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण का कहना है कि रिपोर्ट मिलने के बाद इस बारे में निर्णय लिया जाएगा।
विज्ञापन
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रसंघ चुनाव में भाग ले रहे प्रत्याशियों में इस बात को लेकर बेचैनी बढ़ गई है कि उनके सारे क्राइम रिकार्ड ऑन लाइन किए जा रहे हैं। रिकार्ड ऑन लाइन होने के बाद प्रत्याशी एक-दूसरे के बारे में जानकर उनके खिलाफ आरोप-प्रत्यारोप लगा सकेंगे। कुलपति प्रो. ए सत्यनारायण की ओर से यह फैसला पिछले कई चुनावाें के बाद छात्रों की ओर से आरोप लगाने के बाद चुनाव निरस्त होने से बचाने के लिए लिया गया है।