अहमदाबाद जेल में बंद अतीक अहमद पर दो और केस दर्ज किए गए हैं। यह कार्रवाई खुल्दाबाद पुलिस ने लाइसेंस निरस्त होने के बाद भी संबंधित पिस्टल-राइफल न जमा करने पर की है। रिपोर्ट लिखे जाने के बाद खुल्दाबाद पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
पुलिस ने बताया कि अतीक अहमद के नाम पर 2007 में दो शस्त्र लाइसेंस जारी हुए थे। इनमें से एक पिस्टल जबकि दूसरा राइफल का था। दिसंबर 2016 में तत्कालीन डीएम ने दोनों ही शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए थे। लेकिन नोटिस देने के बावजूद शस्त्र जमा नहीं किए गए। पुलिस का आरोप है कि चार साल बीतने के बाद भी अब तक शस्त्र न थाने में दाखिल कराए गए और न ही किसी अधिकृत दुकान पर जमा कर उसकी रसीद थाने में प्रस्तुत की गई।
जो शस्त्र अधिनियम के तहत दंडनीय अपराध है। इसके तहत ही मंगलवार को थाने के दरोगा केएम चौरसिया की तहरीर पर अतीक के खिलाफ दो मुकदमे दर्ज किए गए। इंस्पेक्टर विनीत सिंह ने बताया कि प्रयास किया गया लेकिन शस्त्रधारक व उसके परिजनों ने अब कि दोनों शस्त्र थाने पर नहीं जमा किया। ऐसे में शस्त्रधारक के खिलाफ केस दर्ज किए गए हैं।
महीने भर पहले भी दिया था नोटिस
पुलिस का कहना है कि शस्त्र जमा करने के संबंध में अतीक के खिलाफ महीने भर पहले भी नोटिस जारी किया गया था। तहरीर में मुकदमा वादी ने बताया है कि उसने अतीक के करबला स्थित घर पर नौ फरवरी को नोटिस चस्पा किया था। जिसमें कहा गया था कि शस्त्र न जमा करने पर ससंगत धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।