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सहायक अध्यापक भर्ती : अधिक अंक पाने के बावजूद गृह जनपद में नियुक्ति न होने पर जवाब-तलब
Thu, 16 Jun 2022 02:10 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 16 Jun 2022 02:10 AM IST
सार
यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ ने मऊ निवासी अभिलाषा की याचिका पर दिया है। याची की ओर से कहा गया कि सहायक अध्यापक भर्ती में याची सहित 41556 अभ्यर्थियों को सफल घोषित किया गया। याची को 63.104 क्वालिटी प्वाइंट अंक प्राप्त हुए। उसने अपने गृह जनपद को वरीयता दी थी। किंतु उसे सिद्धार्थनगर जिला आवंटित किया गया।
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इलाहाबाद हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 68500 सहायक अध्यापक भर्ती में कम क्वालिटी प्वाइंट अंक पाने वालों को गृह जनपद आवंटित करने और अधिक अंक के बावजूद याची को सोनभद्र जिले में नियुक्ति के खिलाफ याचिका पर राज्य सरकार व बोर्ड से छह हफ्ते में जवाब मांगा है। कोर्ट ने कहा है कि यदि जवाब नहीं दाखिल किया तो सभी विपक्षी अगली सुनवाई की तिथि 20 जुलाई को हाजिर हों।
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यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ ने मऊ निवासी अभिलाषा की याचिका पर दिया है। याची की ओर से कहा गया कि सहायक अध्यापक भर्ती में याची सहित 41556 अभ्यर्थियों को सफल घोषित किया गया। याची को 63.104 क्वालिटी प्वाइंट अंक प्राप्त हुए। उसने अपने गृह जनपद को वरीयता दी थी। किंतु उसे सिद्धार्थनगर जिला आवंटित किया गया।
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याची ने कार्यभार भी ग्रहण कर लिया है। जब कि उससे कम अंक प्राप्त करने वाले लोगों को मऊ गृह जनपद में नियुक्ति दी गई है, जो सरकार की नीति के खिलाफ है। कोर्ट ने विपक्षी को विचार करने का निर्देश दिया था। इसके बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई तो कोर्ट ने विपक्षियों को छह हफ्ते में जवाब दाखिल करने का अंतिम अवसर दिया है और कहा है कि जवाब नहीं दिया तो कोर्ट में पेश हों।
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